डेस्क : अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि ईरान के साथ युद्ध कब ख़त्म किया जाएगा, इसका फ़ैसला वह इसराइल के प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू के साथ मिलकर करेंगे. एक फ़ोन इंटरव्यू में ट्रंप ने कहा कि दोनों के बीच इस मुद्दे पर बातचीत होती रही है. उन्होंने कहा कि वह “सही समय पर फ़ैसला” लेंगे.
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जब उनसे पूछा गया कि अगर अमेरिका अपने हमले रोक देता है तो क्या इसराइल ईरान के ख़िलाफ़ युद्ध जारी रख सकता है, इस पर ट्रंप ने इस संभावना पर चर्चा करने से इनकार कर दिया. उन्होंने कहा, “मुझे नहीं लगता कि इसकी ज़रूरत पड़ेगी.”
मोजतबा ख़ामेनेई को ईरान का नया सर्वोच्च नेता बनाए जाने के सवाल पर भी ट्रंप ने टिप्पणी करने से इनकार कर दिया. उन्होंने कहा, “देखते हैं क्या होता है.” ट्रंप पहले भी मोजतबा के विरोध में अपनी राय जाहिर कर चुके हैं. उन्होंने कहा था, “ख़ामेनेई का बेटा मुझे स्वीकार्य नहीं है.”
ईरान ने फिर हमले किए
इधर बहरीन में ईरान की ओर से किए गए ड्रोन हमलों में कई लोग हताहत हुए हैं. बहरीन के स्वास्थ्य मंत्रालय का कहना है कि ड्रोन हमले में 32 नागरिक घायल हुए हैं. इनमें चार बच्चे भी शामिल हैं, जिनमें सबसे छोटे बच्चे की उम्र महज़ दो महीने है. अब तक पूरे खाड़ी क्षेत्र में कम से कम 10 लोगों की मौत हो चुकी है. इनमें ज़्यादातर सुरक्षाकर्मी या विदेशी कामगार बताए गए हैं.
क़तर, कुवैत, संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) और सऊदी अरब ने भी रातभर नए हमलों की जानकारी दी है. सऊदी ने कहा है कि उसने तेल के एक बड़े क्षेत्र की ओर बढ़ रहे ड्रोन्स को नष्ट कर दिया है. इससे पहले ईरान ने एक ड्रोन हमले में अमेरिकी दूतावास को निशाना बनाया था. इसके बाद अमेरिकी विदेश विभाग ने अनिवार्य सेवाओं से जुड़े कर्मचारियों को छोड़कर बाकी कर्मचारियों को देश छोड़ने का आदेश दिया है.
ईरान के अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि अगर इसराइल और अमेरिका उनके ठिकानों पर हमले जारी रखते हैं तो वे क्षेत्रीय इन्फ़्रास्ट्रक्चर को निशाना बनाते हुए हमलों का दायरा और बढ़ा सकते हैं.


