न्यूज डेस्क: झारखंड के खूंटी में सुरक्षाकर्मियों ने प्रतिबंधित माओवादी संगठन पीपुल्स लिबरेशन फ्रंट ऑफ इंडिया के 2 सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया गया है. पुलिस ने कहा कि शनिवार को जिलिंगा जंगल में छापेमारी के दौरान दोनों को पकड़ा गया है. खूंटी पुलिस अधीक्षक को सूचना मिली थी कि पीएलएफआई के सदस्य जिलिंगा जंगल में इकट्ठा हुए है.
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जहां वे किसी बड़ी घटना को अंजाम देने, अपने संगठन का विस्तार करने और इलाके में रंगदारी वसूलने का साजिश रच रहे है. इसी सूचना के आधार पर पुलिस टीम का गठन किया गया और दोनों माओवादियों को गिरफ्तार कर लिया. वहीं दोनों के पास से 2 देसी तमंचे और 2 कारतूस बरामद किया है.
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पलामू पुलिस ने सुरक्षा के लिए लगाया क्यू आर कोड
झारखंड के पलामू पुलिस ने नक्सली गतिविधियों, अपराध और चोरी जैसी घटनाओं पर अंकुश लगाने के लिए एक आधुनिक डिजिटल निगरानी प्रणाली शुरु की है. आधिकारिक सूत्रों के अनुसार, आज बड़े महानगरों की तर्ज पर अब पलामू में क्यू आर कोड आधारित पुलिसिंग के जरिए सुरक्षा व्यवस्था की निगरानी की जाएगी.
वहीं पुलिस ने पूरे जिलों में 650 ऐसे इलाकों की पहचान की है जिसमें क्यू आर कोड लगाया गया है. इनमें बैंक, एटीएम, ज्वेलरी शॉप और अन्य संवेदनशील क्षेत्र शामिल है. वहीं जिला मुख्यालय मेदीनीनगर में सबसे अधिक 110 क्यूआर कोड लगाए गए है.
आमजन की सुरक्षा पर बड़ा कदम
पेट्रोलिंग टीम चिह्नित स्थानों पर जाकर क्यूआर कोड स्कैन करेगी. स्कैन करते ही जवान और टीम का पूरा डेटा सीधे पुलिस मुख्यालय और पलामू एसपी के पास पहुंच जाएगी. इसके साथ ही पूरा डेटा झारखंड पुलिस के रक्षक ऐप पर रियल-टाइम अपडेट होगा.
शहरी इलाकों की जिम्मेदारी टाइगर मोबाइल को दी गई है, जबकि ग्रामीण इलाकों की निगरानी पुलिस अधिकारी करेंगे. दिन-रात टाइगर मोबाइल के जवान इलाकों में 2-3 बार जाकर अनिवार्य रुप से निगरानी करेंगे. जिससे पुलिस की कार्यप्रणाली में पारदर्शिता रहेगी और आमजन के बीच सुरक्षा का भरोसा बढ़ेगा.


