न्यूज डेस्क: पीएम मोदी ने देशभर में नागरिकों से पेट्रोल और डीजल बचाने की अपील की और खुद भी इसपर अमल करना शुरु कर दिया है. पीएम मोदी के अपने घर से सिर्फ 2 गाड़ियां के साथ बाहर निकले और पेट्रोल-डीजल बचाने का संदेश दिया. वह एक गाड़ी में खुद निकले और दूसरी गाड़ी में उनकी सुरक्षा में तैनात एसपीजी के लोग सवार थे. वहीं इन 2 गाड़ियों के काफिले से वो केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में पहुंचे.
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पीएम ने पेश की मिसाल
पीएम मोदी ने रविवार को हैदराबाद के एक आयोजन को संबोधित करते हुए अपील की थी कि पेट्रोल और डीजल की बचत करने की जरुरत है. देशवासियों को ईंधन का उपयोग समझदारी से करना होगा. इसके साथ ही उन्होंने इस बात की भी अपील की है कि करीब 1 साल तक सोना न खरीदें. इस अपील के बाद केंद्र सरकार के मंत्रियों और कई राज्यों के मुख्यमंत्री ने अपना काफिला कम कर दिया है. इसके साथ ही उन्होंने तमाम बैठकों को ऑनलाइन ही करने का फैसला भी किया है. दिल्ली के सीएम रेखा गुप्ता और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी ने भी ऐसे फैसले लिए है.
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पेट्रोलियम मंत्री ने कहा
इस अपील के बाद तमाम तरह के कयासों का दौर जारी है. कुछ लोगों के अनुसार, आने वाले कुछ दिन पाबंदियों वाला हो सकता है. वहीं एक वर्ग की मानना है कि पेट्रोल और डीजल की कीमतों में इजाफा हो सकता है और सरकार उसकी तैयारी में है. मंगलवार को पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने कहा कि पेट्रोल और डीजल की कीमतों को ज्यादा समय तक नहीं रोका जा सकता है. प्रतिदिन पेट्रोलियम कंपनियों को कच्चे तेल की बढ़ी कीमत के तहत 1000 करोड़ रुपए का नुकसान उठाना पड़ रहा है. वैसे में ऐसी स्थिति लंबे समय तक नहीं रखी जा सकती है.
नितिन नवीन ने एक्स पोस्ट पर कहा
नितिन नवीन ने पीएम मोदी के 2 काफिलों की तारीफ की और कहा कि उन्होंने खुद मिसाल पेश की है अब यह अभियान जन-आंदोलन बन सकता है. इसके साथ ही नितिन नवीन ने एक्स पर लिखा कि नरेंद्र मोदी ने अपने काफिले में वाहनों की संख्या कम कर पुन: सिद्ध किया है कि वे सही मायने में देश के प्रधानसेवक है. जब नेतृत्व स्वयं मिसाल पेश करता है, तो वह जन-आंदोलन बन जाता है. वैश्विक चुनौतियों के बीच संसाधनों का सही उपयोग अत्यंत आवश्यक है. मोदी जी इस पहल से प्रेरणा लेते हुए मैं भी अपने काफिले की गाड़ियां कम कर रहा हूं. ऊर्जा संरक्षण की दिशा में कई अन्य कदम उठा रहा हूं. आइए हम सब मिलकर संसाधनों का विवेकपूर्ण उपयोग करें और राष्ट्रहित में अपना योगदान सुनिश्चित करें.


