Tuesday, July 21, 2026

रांची में दूसरे दिन भी Orient Craft के खिलाफ कड़ी धूम में महिलाओं का आक्रोश प्रदर्शन जारी

रांचीः गारमेंट उद्योग की जानमानी कंपनी Orient Craft के खिलाफ महिला श्रमिकों का आक्रोश व प्रदर्शन दूसरे दिन भी जारी है। सैकड़ों की तादाद में महिलाएं कंपनी के गेट के बाहर धरने पर बैठीं है। तीन महीने से वेतन नहीं मिलने समेत कई दूसरी शिकायतों के साथ ये बड़ी संख्या में कर्मचारी धरना दे रही हैं। इससे पहले मंगलवार को भी कंपनी में काम करने करीब 3000 महिला कर्मचारियों ने सड़क पर उतर कर अपना विरोध दर्ज कराया और सड़क को जाम कर दिया था। महिला व अन्य कर्मचारी पिछले तीन महीनों से वेतन न मिलने और वर्षों से वेतन वृद्धि नहीं होने से नाराज हैं।

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तीन महीने से वेतन नहीं

ओरिएंट क्राफ्ट नामक कंपनी में काम करने वाली इन महिलाओं का आरोप है कि उन्हें तीन महीने से वेतन नहीं मिल पाया है, जिस कारण वो अपने मकान का किराया भी नहीं दे पा रही हैं। इस कंपनी को पूर्व की रघुवर दास सरकार ने टोकन मनी लेकर कई एकड़ जमीन दी थी, ताकि स्थानीय लोगों को रोजगार मिल सके। महिलाओं का आरोप है कि प्रबंधन की मनमानी के कारण उनका जीवन-यापन कठिन हो गया है। प्रबंधन पिछले तीन महीनों से वेतन देने में विफल रहा है।

महिला कर्मचारियों का आरोप है कि उन्हें न तो कई सालों से वेतन वृद्धि मिली है और न ही ओवरटाइम के लिए भुगतान किया जाता है। उनसे रोज आधा से पौन घंटा अतिरिक्त काम कराया जाता है, लेकिन उसे नजरअंदाज कर दिया जाता है। ओवरटाइम का पैसा देने में भी कंपनी प्रबंधन की ओर से आनाकानी की जाती है।

नुकसान और ग्लोबल फैक्टर्स का हवाला

जब इस मामले पर प्रबंधन से बात की गई, तो उन्होंने अपनी दलील में नुकसान और ग्लोबल फैक्टर्स का हवाला दिया। प्रबंधन का दावा है कि युद्ध की स्थिति और अमेरिका-भारत ट्रेड डील के कारण कंपनी को आर्थिक नुकसान हो रहा है। दूसरी तरभ कर्मचारियों का कहना है कि प्रबंधन एक तरफ तो नुकसान का रोना रोता है, लेकिन दूसरी तरफ उनसे लगातार टारगेट के अनुसार काम करवा रहा है। जब सैलरी बढ़ाने की बात आती है, तो प्रबंधन उसे टाल देता है और काम के नए दबाव बनाता है।

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एयर नाऊ स्पेशल

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