Thursday, July 23, 2026

मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव को लेकर दोनों सदनों में विपक्ष का नोटिस

नई दिल्ली : देश के 4 राज्यों प. बंगाल, असम, तमिलनाडु और केरल के अलावा केंद्र शासित प्रदेश पुद्धुचेरी में जल्द होने वाले विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच ही विपक्ष ने संसद के दोनों सदनों में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के खिलाफ महाभियोग प्रस्ताव लाने का नोटिस दिया है. समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक संसद के दोनों सदनों में विपक्ष की ओर से महाभियोग प्रस्ताव से संबंधित नोटिस सौंप दिए गए हैं। विपक्ष का आरोप है कि ज्ञानेश कुमार सत्ताधारी दल बीजेपी की मदद कर रहे हैं और विपक्ष के खिलाफ काम कर रहे हैं।

टीएमसी सांसद कीर्ति आजाद का बयान

विपक्ष की ओर से पेश नोटिस में 190 सांसदों के दस्तखत हैं। टीएमसी ने सीईसी पर पक्षपात के आरोप लगाए हैं। नोटिस में दुर्व्यवहार के भी आरोप हैं। लोकसभा सचिवालय को नोटिस मिला है। टीएमसी सांसद कीर्ति आजाद ने इस संबंध में मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर गंभीर आरोप लगाते हुए उन्हें बीजेपी का आदमी करार दिया. एक निजी समाचार एजेंसी से बातचीत में उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र,हरियाणा,बिहार सभी जगह पर मुख्य चुनाव आयुक्त ने दो नंबर काम किया है।

मुख्य चुनाव आयुक्त को हटाने की प्रक्रिया

मुख्य चुनाव आयुक्त (सीईसी) को पद से हटाने की प्रक्रिया वही है जो सुप्रीम कोर्ट के किसी न्यायाधीश को हटाने के लिए अपनाई जाती है। संविधान के अनुच्छेद 324(5) के तहत सीईसी को केवल उसी तरीके और उन्हीं आधारों पर पद से हटाया जा सकता है, जो सर्वोच्च न्यायालय के न्यायाधीशों के लिए निर्धारित हैं। इसके लिए लोकसभा के कम से कम 100 सदस्यों या राज्यसभा के 50 सदस्यों के हस्ताक्षर के साथ प्रस्ताव लाना आवश्यक होता है।

सीईसी या किसी अन्य चुनाव आयुक्त को हटाने की व्यवस्था संविधान के अनुच्छेद 324 में दी गई है। इसमें स्पष्ट कहा गया है कि मुख्य चुनाव आयुक्त को उसके पद से केवल उसी प्रकार और उन्हीं आधारों पर हटाया जा सकता है, जैसे सर्वोच्च न्यायालय के किसी न्यायाधीश को हटाया जाता है।

लोकसभा में हंगामा जारी

कांग्रेस समेत कई विपक्षी दल लगातार एलपीजी संकट का मुद्दा उठा रहे हैं। शुक्रवार को भी लोकसभा में विपक्षी सांसदों ने इस पर चर्चा की मांग को लेकर वेल में प्रदर्शन किया। 11 बजे सदन की कार्यवाही शुरू होने पर स्पीकर ओम बिरला ने विपक्षी सांसदों को शांत कराने की कोशिश की। हालांकि, सदन में हंगामा जारी रहा। ऐसे में पहले 12 बजे तक और फिर 2 बजे तक सदन की कार्यवाही स्थगित कर दी गई। केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने इस दौरान विपक्ष और खास तौर पर कांग्रेस को घेरा। उधर, राज्यसभा की कार्यवाही सुचारू रूप से चल रही है। उधर सीईसी ज्ञानेश कुमार को हटाने की मांग को लेकर दोनों सदनों में विपक्ष ने नोटिस दिया है।

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एयर नाऊ स्पेशल

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