Wednesday, July 22, 2026

सीआईडी जांच और पुलिस कार्रवाई महज आईवॉश, 14वीं JPSC परिणाम रद्द कर हो पूरे मामले की सीबीआई जांच

रांची: भारतीय जनता युवा मोर्चा, झारखंड प्रदेश के नेतृत्व में राज्य के सभी जिलों से पहुंचे हजारों युवा कार्यकर्ताओं ने 14वीं जेपीएससी परीक्षा परिणाम में कथित धांधली, भ्रष्टाचार एवं अनियमितताओं के विरोध में जोरदार आक्रोश प्रदर्शन करते हुए जेपीएससी कार्यालय का घेराव किया। इस राज्यस्तरीय घेराव प्रदर्शन के दौरान सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी हुई और युवाओं ने एक स्वर में 14वीं जेपीएससी परिणाम रद्द कर पूरे मामले की सीबीआई जांच कराने की मांग उठाई।

इसे भी पढ़ें : झारखंड में जल्द शुरू होगा पूर्वी भारत का पहला सरकारी एयरक्राफ्ट मेंटेनेंस इंजीनियरिंग संस्थान

भाजयुमो प्रदेश अध्यक्ष शशांक राज ने कहा कि झारखंड की वर्तमान सरकार ने जेपीएससी जैसी संवैधानिक संस्था की विश्वसनीयता को दांव पर लगा दिया है। सरकार ने भर्ती प्रक्रिया को पारदर्शी बनाने के बजाय युवाओं से आवेदन शुल्क वसूलकर उनकी मेहनत की कमाई लूटने और रोजगार को व्यापार बनाने का काम किया है। उन्होंने आरोप लगाया कि राज्य के लाखों युवाओं के सपनों का सौदा किया गया है और झारखंडी युवाओं के हक पर डाका डालकर नौकरी बेचने का खेल खेला गया है।

उन्होंने कहा कि भाजयुमो के मशाल जुलूस और राज्यव्यापी जनाक्रोश के दबाव में जेपीएससी चेयरमैन से आनन-फानन में इस्तीफा लिया गया, जो स्वयं इस पूरे प्रकरण को संदेह के घेरे में खड़ा करता है। यदि सब कुछ पारदर्शी था तो चेयरमैन को हटाने की नौबत क्यों आई? यह पूरे भर्ती घोटाले की गंभीरता को दर्शाता है।

शशांक राज ने राज्य सरकार द्वारा कराई जा रही सीआईडी जांच और पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाते हुए कहा कि जब जांच एजेंसियां राज्य सरकार के अधीन हैं तो निष्पक्ष जांच की उम्मीद कैसे की जा सकती है। उन्होंने आरोप लगाया कि यह पूरी कार्रवाई केवल जनता का ध्यान भटकाने का राजनीतिक स्टंट है। भाजयुमो की स्पष्ट मांग है कि पूरे मामले की सीबीआई जांच कराई जाए और दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई हो।

उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि आरटीआई के माध्यम से उत्तर पुस्तिकाओं की प्रतियां उपलब्ध नहीं कराई जा रही हैं। वहीं, जेपीएससी वर्षों से नियमित वार्षिक परीक्षा कैलेंडर जारी नहीं कर रहा है, जबकि दूसरी ओर आयु सीमा घटने से लाखों अभ्यर्थियों का भविष्य अधर में लटक गया है। सरकार युवाओं को अवसर देने के बजाय उन्हें मानसिक, आर्थिक और सामाजिक पीड़ा देने का काम कर रही है। उन्होंने चेतावनी देते हुए कहा कि जब तक 14वीं जेपीएससी परिणाम रद्द कर निष्पक्ष जांच नहीं कराई जाती और युवाओं को न्याय नहीं मिलता, तब तक भारतीय जनता युवा मोर्चा का आंदोलन और भी व्यापक एवं उग्र रूप में जारी रहेगा।

भाजयुमो प्रदेश प्रभारी विनय जायसवाल ने कहा कि यह सरकार पूरी तरह युवा विरोधी सरकार है। झारखंड के मूलवासी युवाओं के भविष्य की इसे कोई चिंता नहीं है। युवाओं को रोजगार देने के बजाय उनके अधिकारों से खिलवाड़ किया जा रहा है।

भाजयुमो रांची महानगर जिलाध्यक्ष रोमित नारायण सिंह ने कहा कि सरकार युवाओं की आवाज को लाठी, डंडे और पुलिस बल के सहारे दबाने का प्रयास कर रही है, लेकिन भारतीय जनता युवा मोर्चा डरने या झुकने वाला नहीं है। युवाओं के अधिकारों की इस लड़ाई को अंतिम मुकाम तक पहुंचाया जाएगा और अन्याय के खिलाफ संघर्ष लगातार जारी रहेगा। कार्यक्रम में मनीष दुबे, विश्वजीत पाठक, संजय महतो, रणधीर दास, प्रिंस कुमार, राहुल चौबे, धीरज अग्रवाल, श्वेता सिंह, चंदन प्रजापति, सभी जिलाध्यक्षगण, प्रदेश पदाधिकारी एवं हजारों की संख्या में युवा कार्यकर्ता उपस्थित रहे।

spot_img

एयर नाऊ स्पेशल

देश का एआई हब बनने की तैयारी कर रहा...

न्यूज़ डेस्क : झारखंड. ये नाम सुनते ही दिमाग में सबसे पहले क्या आता है? कोयला, लोहे की खदानें, मिनरल्स या शायद आदिवासी संस्कृति....
- Advertisement -spot_img

सोशल मीडिया

25,000FansLike
40,000FollowersFollow
500FollowersFollow
113,000SubscribersSubscribe
- Advertisement -spot_img

ट्रेंडिंग ख़बर