झारखंड : हजारीबाग में प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने अवैध बालू खनन और मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़े मामले में बड़ी कार्रवाई की है। जांच के दौरान ईडी ने चार्टर्ड अकाउंटेंट (CA) बादल गोयल के ठिकानों पर छापा मारकर कई महत्वपूर्ण दस्तावेज और नकदी बरामद की है। इन दस्तावेजों का सीधा संबंध विधायक अंबा प्रसाद के भाई अंकित राज और उसके सहयोगियों से बताया जा रहा है।
Highlights:
एक लाख CFT से अधिक अवैध बालू बरामद
जांच के दौरान जिला खनन पदाधिकारी ने अंकित राज के सहयोगियों के स्टॉक यार्ड में एक लाख CFT से अधिक अवैध बालू पाया। यह बालू बिना अनुमति के निकाला गया था और इसके जरिए कई करोड़ रुपये का अवैध कारोबार किया जा रहा था।
अवैध कमाई से खरीदी नोट गिनने की मशीन
ईडी की रिपोर्ट के अनुसार, अंकित राज ने अवैध बालू कारोबार से 2.80 करोड़ रुपये नकद कमाए। इन पैसों की गिनती के लिए उसने अपने कार्यालय में नोट गिनने की मशीन खरीद रखी थी। यह पैसा उसने अपने बैंक खातों में नकद जमा कराया, लेकिन पूछताछ के दौरान उसने यह बताने से इनकार किया कि नकदी किसने जमा की।
हाईवा गाड़ियों से की गई अवैध ढुलाई
जांच में खुलासा हुआ कि अंकित राज की दो HYVA गाड़ियां (JH01X6528 और JH02AU6681) अवैध बालू की ढुलाई के लिए इस्तेमाल की जा रही थीं। इन दोनों गाड़ियों से 1294 ट्रिप बालू की ढुलाई और बिक्री की गई, जिससे अंकित राज ने 2.80 करोड़ रुपये की कमाई की।
CA बादल गोयल के ठिकाने से मिले अहम सबूत
हजारीबाग में CA बादल गोयल के घर और दफ्तर से ईडी को 11.04 लाख रुपये नकद और कई महत्वपूर्ण दस्तावेज मिले। इनमें M/S SKS Enterprises, M/S Ankit Raj Sand Stock Yard, मनोज दांगी, और आरुषी इंटरप्राइजेज से जुड़े कागजात शामिल हैं। इन दस्तावेजों से पता चला कि अंकित राज ने बालू कारोबार में इन कंपनियों के जरिए पैसा घुमाया।
ईडी की जांच में सहयोगियों की भूमिका उजागर
ईडी की जांच में सामने आया कि अंकित राज को अवैध खनन और बालू की बिक्री में मनोज दांगी, बिंदेश्वर दांगी, अनिल कुमार, आरुषी इंटरप्राइजेज और मुस्कान इंटरप्राइजेज ने मदद की। इन सभी ने पूछताछ के दौरान यह स्वीकार किया कि उन्होंने अंकित राज द्वारा निकाले गए अवैध बालू को अपने स्टॉक यार्ड में रखा और उसकी बिक्री की।
खनन विभाग की रिपोर्ट से खुली पोल
- जिला खनन पदाधिकारी अजीत कुमार की रिपोर्ट में भी अवैध बालू कारोबार की पुष्टि हुई है।
- जून 2022 में निरीक्षण के दौरान मनोज दांगी के स्टॉक यार्ड में 209 CFT बालू कम पाया गया था।
- दिसंबर 2022 में दोबारा जांच में 18,886 CFT बालू अधिक पाया गया।
- इसके बाद जनवरी 2023 में ₹2.80 लाख का दंड लगाया गया, जिसे फरवरी 2023 में जमा कराया गया।
अन्य स्टॉक यार्ड में भी अनियमितताएं
ईडी ने जांच में पाया कि –
- आरुषी इंटरप्राइजेज के यार्ड में 42,822 CFT बालू अधिक था।
- बिंदेश्वर दांगी के यार्ड में 50,938 CFT बालू अधिक पाया गया।
मुस्कान इंटरप्राइजेज और अन्य सहयोगियों के यहां भी बार-बार अवैध भंडारण और बिक्री के सबूत मिले।
ईडी की इस जांच से यह साफ हुआ कि विधायक अंबा प्रसाद के भाई अंकित राज ने अपने प्रभाव का इस्तेमाल कर अवैध बालू खनन से करोड़ों रुपये की कमाई की। इसमें स्थानीय कारोबारी, ट्रांसपोर्टर और कुछ अधिकारियों की भूमिका भी संदिग्ध पाई गई है। ईडी अब इस पूरे मनी लॉन्ड्रिंग नेटवर्क की कड़ी जांच कर रही है ताकि बालू माफिया के खिलाफ ठोस कार्रवाई की जा सके।


