रांची : बिहार में विधानसभा चुनाव में दो तिहाई से भी अधिक सीटें जीतकर सत्ता में वापसी करने से उत्साहित एनडीए में शामिल भाजपा अब झारखंड में भी बड़ा खेला होने का दावा करने लगी है. पार्टी प्रवक्ता और बिहार बीजेपी के नेता अजय आलोक ने एक्स पर पोस्ट किए गए ट्वीट में यह दावा किया है. एक्स पर लिखे गए अपने पोस्ट में उन्होंने लिखा, “अब नया बम झारखंड में , हेमंत अब जीवंत होंगे.” बीजेपी नेता के इस पोस्ट से इस बात की आशंका लगने लगी है कि क्या बिहार में महागठबंधन की करारी हार का असर झारखंड की लगभग एक साल पुरानी हेमंत सोरेन के नेतृत्व वाली सरकार पर भी पड़ेगी.
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एक्स पर किये गये पोस्ट को लेकर जब डॉ अजय आलोक से पूछा गया, तो उन्होंने कहा कि उनके लिखने का अर्थ है कि हेमंत सोरेन अब जल्द ही कांग्रेस से किनारा करेंगे राजद से भी जान्द रिश्ता खत्म करेंगे दोनों को गठबंधन से बाहर करेंगे. वजह है कि बिहार में कांग्रेस व राजद दोनों ने ही झामुमो को ठुकरा दिया था झामुमो को सीट नहीं दी थी. बिहार चुनाव में कांग्रेस-राजद गठबंधन को लोगों ने नकार दिया जाहिर है कि झारखंड में भी हेमंत सोरेन कुछ न कुछ अवश्य विचार कर रहे होंगे.
हेमंत जीवंत हैं, भाजपा का अंत है : झामुमो
भाजपा के राष्ट्रीय प्रवक्ता डॉ अजय आलोक के पोस्ट का जवाब झामुमो ने देकर कयासों पर विराम लगा दिया. झामुमो केंद्रीय महासचिव एवं प्रवक्ता सुप्रियो भट्टाचार्य ने कहा कि हेमंत जीवत है और भाजपा का अंत निश्चित है. श्री भट्टाचार्य ने कहा कि जहां तक बात बिहार विधानसभा चुनाव के परिणामों की है, तो जल्द ही झामुमो इसकी समीक्षा करेगा इसकी तिथि घोषित होने पर जानकारी दी जायेगी.
चुनाव पूर्व झामुमो नेताओं का बयान
बीजेपी नेता के इस पोस्ट से झारखंड में कयासों के बाजार गर्म हैं. कयास इसलिए लगाए जा रहे हैं क्योंकि बिहार में दो चरणों में हुए विधानसभा चुनाव में झामुमो ने महागठवबंधन में हुए सीट शेयरिंग में सीट नहीं मिलने पर रोष जताया था और इसे लेकर झामुमो महासचिव सुप्रीयो भट्टाचार्य ने पहले महागठबंधन से अलग होकर चुनाव लड़ने का एलान किया था तो वहीं इसके बाद झारखंड सरकार के मंत्री और झामुमो के वरिष्ठ नेता सुदिव्य कुमार ने झारखंड में बीते दिनों हुए घाटशिला उपचुनाव के बाद महागठबंधन की समीक्षा करने की बात कही थी.
घाटशिला की जीत से जेएमएम उत्साहित

उधर बिहार में आए चुनाव परिणाम के साथ ही झारखंड में भी घाटशिला विधानसभा सीट पर हुए उपचुनाव का परिणाम जेएमएम के पक्ष में आया और यहां पार्टी को रिकार्ड जीत मिली. पार्टी उम्मीदवार और दिवंगत मंत्री रामदास सोरेन के बेटे सोमेश सोरेन विधानसभा पहुंचने में सफल रहे.
सोमेश सोरेन ने अपने निकटतम प्रतिद्वंदी भाजपा के बाबूलाल सोरेन को 38 गजार से भी अधिक मतों से हराया. इस उपचुनाव में सोमेश सोरेन को रिकार्ड एक लाख चार हजार से भी अधिक मत मिले, जो अब तक इस सीट पर हुए सभी चुनावों में किसी भी उम्मीदवार को सबसे अधिक है. ऐसे में इस चुनाव परिणाम के तीन दिनों के बाद भी झामुमो ने ऐसा कोई बयान नहीं दिया है, जिससे महागठबंधन के टूटने को लेकर कोई कयास लगे।
झारखंड विधानसभा में दलों की स्थिति
झारखंड में पिछले साल 2024 के नवंबर महीने में हुए विधानसभा चुनाव में झामुमो की अगुआई वाली महागठबंधन ने 56 सीटें जीती थी, जिसमें झामुमो 34, कांग्रेस ने 16, राजद ने 4 और भाकपा माले ने 2 सीटें जीती थी. वहीं एनडीए में शामिल दलों में भाजपा ने 21, जदयू, लोजपा(रा) और आजसू पार्टी ने एक-एक सीटें जीती थी. वहीं नवगठित झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा ने भी एक सीट जीती थी.


