न्यूज डेस्क: प्रधानमंत्री मोदी के बयान पर लोकसभा के प्रतिपक्ष नेता राहुल गांधी ने कहा कि पीएम ने देशवासियों से सोना नहीं खरीदने, विदेश यात्रा कम करने और पेट्रोल कम खर्च करने की अपील की थी. जिसपर उन्होंने कहा कि पीएम मोदी कंप्रोमाइज्ज है, इसलिए वे देश तलाने में सक्षम नहीं है. उनके शब्द विफलता के प्रमाण है.
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वहीं उन्होंने सोशल मीडिया पर पोस्ट कर कहा कि कल मोदी जी ने जनता से त्याग करने का आह्वान किया कि सोना न खरीदें, विदेश यात्रा न करें, पेट्रोल का कम उपयोग करें, उर्वरक और खाना पकाने के तेल में कटौती करें, मेट्रो का उपयोग करें और घर से ही काम करें.
राहुल बोले पीएम देश चलाने में सक्षम नहीं
इस बयान पर राहुल ने कहा कि ये सलाह के शब्द नहीं है ये विफलता की प्रमाण है. 12 वर्षों में देश की ऐसी स्थिति आ गई है कि अब जनता को यह बताना पड़ रहा है कि क्या खरीदें और क्या न खरीदें, कहा जाएं और कहां नहीं जाए. वे बार-बार अपनी जवाबदेही से बचने के लिए सारी जिम्मेदारी जनता पर डाल देते है. वहीं उन्होंने यह भी कहा कि समझौतावादी प्रधानमंत्री अब देश चलाने में सक्षम नहीं है.
मोदी के बयान पर बोले कांग्रेस
कांग्रेस ने भी मोदी के इस बयान पर हमला किया, जिसमें उन्होंने नागरिकों से पेट्रोलियम उत्पादों का विवेक पूर्ण उपयोग करने का आग्रह किया था. कांग्रेस ने कहा कि अमेरिका-ईरान युद्ध के 3 महीने बीतने के बाद भी प्रधानमंत्री भारत की ऊर्जा सुरक्षा सुनिश्चित करने के बारे में पूरी तरह से अनभिज्ञ हैं.
विपक्षी दल ने कहा कि प्रधानमंत्री का लोगों को असुविधा में धकेलना बेशर्म, गैरजिम्मेदाराना और सरासर अनैतिक है, जबकि उन्हें इस वैश्विक संकट से देश की अर्थव्यवस्था को अप्रभावित रखने के लिए आकस्मिक योजनाएं बनानी चाहिए थीं. केंद्र सरकार पश्चिम एशिया संघर्ष के प्रतिकूल प्रभाव से लोगों को बचाने का प्रयास कर रही है.
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रैली को संबोधित करते हुए कहा
हैदराबाद में तेलंगाना भाजपा द्वारा आयोजित एक रैली को संबोधित किया, उन्होंने पश्चिम एशिया में संकट के बीच विदेशी मुद्रा संरक्षण के लिए पेट्रोल और डीजल की खपत कम करने, शहरों में मेट्रो रेल सेवाओं का उपयोग करने, कारपूलिंग करने, इलेक्ट्रिक वाहनों का अधिक उपयोग करने, पार्सल परिवहन के लिए रेलवे सेवाओं का उपयोग करने और घर से काम करने का सुझाव दिया. मोदी ने संकट के कारण विदेशी मुद्रा बचाने की आवश्यकता पर जोर दिया और 1 वर्ष तक सोने की खरीद और विदेश यात्रा स्थगित करने का आह्वान किया.
हाल में विदेशी मुद्रा बचाएं
पीएम मोदी ने कहा कि, हमें हर हाल में विदेशी मुद्रा बचानी होगी. पश्चिम एशिया संघर्ष के कारण पेट्रोल और उर्वरकों की कीमतों में काफी वृद्धि हुई है. आपूर्ति श्रृंखला पर दबाव होने पर स्थिति से निपटने के लिए सरकार द्वारा उठाए गए विभिन्न कदमों के बावजूद मुश्किलें बढ़ जाती हैं. इसलिए वैश्विक संकट के दौरान देश को सर्वोपरि रखते हुए हमें संकल्प लेना होगा.
स्वदेशी उत्पादों को बढ़ावा दिया जाए
उन्होंने आगे कहा कि, कोविड-19 के दौरान हम घर से काम करते थे, वर्चुअल मीटिंग, वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग और कई अन्य तरीके अपनाए. उस महामारी के दौरान हम इनके आदी हो गए थे. अब समय की मांग है कि इन तरीकों को फिर से शुरू किया जाए. उन्होंने विदेशी मुद्रा बचाने और देश को आत्मनिर्भर बनाने के लिए खाद्य तेल की खपत कम करने, रासायनिक उर्वरकों का उपयोग घटाने, प्राकृतिक खेती और स्वदेशी उत्पादों को बढ़ावा देने का आह्वान किया है.




