न्यूज डेस्क: रांची पुलिस ने टाटीसिलवे थाना क्षेत्र में 21 दिन पहले हुए अभिजीत तिवारी उर्फ किट्टू हत्याकांड का खुलासा कर लिया है. मृतक के दोस्तों का बीच शराब पीने को लेकर विवाद हुआ था जिसे बाद उन्होंने घटना को अंजाम दिया था. इस मामले को लेकर पुलिस ने 3 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है.
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पूरी घटना विस्तार से
आपको बता दें कि, मृतक अभिजीत की हत्या में उसके करीबी दोस्त ही शामिल थे. वारदात को अंजाम देने के बाद उन्होंने शव को स्कूटी में लादकर घटनास्थल से 3 किलोमीटर दूर ले जाकर फेंक दिया था, जिसे 19 अप्रैल को पुलिस टीम ने सिपाही पुल के पास से बरामद किया था.
वहीं इस मामले को लेकर पुलिस ने रांची के पुरुलिया रोड के 30 वर्षीय विशाल राम, पत्थलकुदवा निवासी 29 वर्षीय सन्नी मिंज और नामकुम के 32 वर्षीय आकाश सुजय बेक को गिरफ्तार किया और उनसे पूछताछ की. जिसमें आरोपियों ने पुलिस के समक्ष अपना जुर्म स्वीकार कर लिया है.
दोस्तों ने ही कर दी दोस्त की हत्या
ग्रामीण एसपी गौरव गोस्वामी ने मामले का खुलासा करते हुए कहा कि 19 अप्रैल को टाटीसिलवे थाना क्षेत्र के सिपाही पुल के पास से 1 युवक का शव बरामद किया गया था. जिसके बाद एसएसपी के निर्देश पर मुख्यालय वन डीएसपी अमर पांडेय के नेतृत्व में एक टीम का गठन कर मामले की जांच में जुट गई.
जांच के दौरान टीम ने साक्ष्यों और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर 3 आरोपियों को गिरफ्तार किया और उनसे पूछताछ की. जिसमें आरोपियों ने घटना की पूरी जानकारी पुलिस को दी. वहीं आरोपी की निशानदेही पर 1 स्कूटी और 3 मोबाइल फोन बरामद कर लिया गया है.
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शराब पीने को लेकर विवाद
ग्रामीण एसपी ने बताया कि 18 अप्रैल को नामकुम थाना क्षेत्र के जोरार बधवा ग्राउंड में विशाल, सन्नी और आकाश सुजय शराब पी रहे थे. इसी दौरान अभिजीत तिवारी उर्फ किट्टू भी वहां पहुंचा और दोस्तों से जबरन पीने के लिए शराब मांगने लगा. जिसपर आकाश ने उसे शराब देने से मना कर दिया.
इस वजह से अभिजीत ने अपने ही दोस्तों से मारपीट शुरु कर दी और शराब की बोतलें तोड़ दी. जिसके बाद उसने जबरन बची शराब की बोतल छीनी और पीने लगा. इसी बीच उसने आकाश को जान से मारने की धमकी भी दी. जिसके बाद विशाल, सन्नी और आकाश ने मिलकर अभिजीत को जमीन पर पटक दिया और उसका गला दबाकर हत्या कर दी.
शव को ठिकाने लगाने की प्लानिंग
हत्या के बाद उन्होंने शव को ठिकाना लगाने की प्लानिंग की और साक्ष्य छिपाने की नियत से शव को स्कूटी में रखा. स्कूटी के बीच में शव को रखा और 2 लोग बैठे, जबकि तीसरा एक स्कूटी में अकेले आगे-आगे चलने लगा और पुलिस को देखता रहा, ताकि उन्हें कोई पकड़ न सकें. जिसके बाद उन्होंने सिपाही पुल मिलिट्री डेयरी फार्म, आरागेट स्थित ग्राउंड में शव को फेंक दिया और फरार हो गए.




