न्यूज डेस्क : रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियान को अमेरिका के साथ शांति वार्ता में मध्यस्थता करने का प्रस्ताव दिया है. क्रेमलिन की वेबसाइट पर जारी रिपोर्ट के अनुसार, रविवार को दोनों नेताओं ने इस्लामाबाद में हुई बातचीत को लेकर फ़ोन पर चर्चा की. बता दें कि अमेरिका और ईरान के बीच इस्लामाबाद में वार्ता हुई, जिसकी मध्यस्थता पाकिस्तान ने की. लेकिन यह बातचीत बेनतीजा रही.
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व्लादिमीर पुतिन ने कहा कि वे राजनीतिक और कूटनीतिक रास्ते से समाधान खोजने और मध्यस्थता करने के लिए तैयार हैं, ताकि पश्चिम एशिया में न्यायपूर्ण और लंबे समय तक शांति कायम हो सके. उन्होंने कहा कि इसके लिए रूस क्षेत्र के सभी साझेदारों से संपर्क बनाए रखेगा. मसूद पेज़ेश्कियान ने व्लादिमीर पुतिन और रूस के सभी ऑर्थोडॉक्स ईसाइयों को ईस्टर की शुभकामनाएं दीं.
डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को लेकर कहा
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि अगर ईरान बातचीत के लिए फिर तैयार नहीं होगा तो उन्हें इससे कोई फर्क नहीं पड़ता है. डोनाल्ड ट्रंप ने वॉशिंगटन डीसी के पास जॉइंट बेस एंड्रूज़ पर पत्रकारों से कहा, “अगर ईरान बातचीत में वापस नहीं आता तो उन्हें कोई फर्क नहीं पड़ता.” ट्रंप ने कहा, “मुझे परवाह नहीं कि वे वापस आते हैं या नहीं. अगर वे वापस नहीं आते, तो भी ठीक है.”
इससे पहले अमेरिकी सेना ने कहा है कि वह सोमवार से ईरानी बंदरगाहों की नाक़ेबंदी शुरू करेगी. गौरतलब है कि डोनाल्ड ट्रंप का कहना है कि अमेरिका होर्मुज़ स्ट्रेट में दाख़िल होने या वहां से बाहर जाने की कोशिश करने वाले ‘किसी भी और हर एक जहाज़’ की नाक़ेबंदी शुरू करने जा रहा है. उन्होंने कहा, “जो कोई भी अवैध शुल्क देता है, उसे खुले समुद्र में सुरक्षित रास्ता नहीं मिलेगा.”


