Wednesday, July 22, 2026

अबुआ बजट 2026-27: झारखंड सरकार ने बजट प्रक्रिया शुरू की, आउटकम-बेस्ड योजनाओं पर ज़ोर

अबुआ बजट 2026-27: झारखंड सरकार ने आगामी वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए बजट बनाने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। दो दिवसीय प्री-बजट मीटिंग संपन्न होने के बाद अब प्रशासनिक विभाग से आ रहे योजना आलेख पर मंथन होगा। सरकार एक सप्ताह के भीतर सभी विभागों के लिए योजना खर्च का लक्ष्य निर्धारित कर देगी। साथ ही विभागों को 15 दिनों में योजना विभाग एवं वित्त विभाग को योजना और गैर योजना बजट का प्रस्ताव देने का निर्देश दिया जाएगा। राज्य सरकार बजट के आकार को बढ़ाने के साथ-साथ राजस्व वसूली बढ़ाने के लिए भी कवायद कर रही है। जहां वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने 16 जनवरी को बजट को संबोधित करते हुए कहा कि मुख्यमंत्री ने बजट को अबुआ बजट का नाम दिया है। बैठकों की बात करे तो वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर ने विभागों को बजट के मुताबिक उन्हें अलॉट किए गए फंड को खर्च करने और आउटकम-बेस्ड बजटिंग के कॉन्सेप्ट के तहत काम करने का निर्देश दिया गया है। साथ ही बजट में झारखंड के जंगलों, गरीब लोगों, किसानों, राज्य के हर तबके, जाति, धर्म के लोगों के हितों को ध्यान में रखकर योजनाएं शामिल की जाएंगी। इसके लिए आम लोगों से परामर्श लिया जा रहा है।

राधाकृष्ण किशोर ने कहा कि यह राज्य का 25वां बजट होगा, जहां कई चुनौतियां हमारे सामने हैं। बजट की मॉनिटरिंग भी जरूरी है ताकि पता चल पाए कि जो योजनाएं शामिल की गईं, उसकी धरातल पर क्या स्थिति है। उन्होंने राजस्व बढ़ाने पर भी जोर दिया। सतही जल को बचाने के लिए राधाकृष्ण किशोर ने कहा कि झारखंड में वर्षा जल के संचयन पर हमें ध्यान देने की जरूरत है ताकि वर्षा जो जल नदी, नालों के जरिए बह जाता है, उसे बचाया जा सके। इससे सिंचाई के लिए पर्याप्त जल उपलब्ध होगा और भूगर्भीय जल में भी सुधार आएगा। साथ ही वित्त मंत्री ने ग्रामीण अर्थव्यवस्था पर कहा कि कृषि के माध्यम से ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत किया जा सकता है, इसलिए कृषि विभाग जैसे महत्वपूर्ण विभाग को आगामी अबुआ बजट में महत्वपूर्ण स्थान दिया जाएगा। जंगल में रहने वालों को तो वन पट्टा मिल जाता है, परंतु कनेक्टिविटी की कमी के कारण उस क्षेत्र के लोगों को पर्याप्त सुविधा नहीं मिल पाती है। प्रयास करें वहां तक पहुंचने के लिए सड़कें हों ताकि कनेक्टिविटी बने रहे।

साथ ही जिन विभागों का आउट्कम बजट पेश किया जाएगा, वो है- स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग, पेयजल एवं स्वच्छता विभाग, कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता विभाग, वन एवं पर्यावरण विभाग, ग्रामीण विकास विभाग, समाज कल्याण विभाग, खाद्य आपूर्ति विभाग, स्कूली शिक्षा एवं साक्षरता विभाग, तकनीकी एवं उच्च शिक्षा विभाग,. और कल्याण एवं समाज कल्याण विभाग।

spot_img

एयर नाऊ स्पेशल

देश का एआई हब बनने की तैयारी कर रहा...

न्यूज़ डेस्क : झारखंड. ये नाम सुनते ही दिमाग में सबसे पहले क्या आता है? कोयला, लोहे की खदानें, मिनरल्स या शायद आदिवासी संस्कृति....
- Advertisement -spot_img

सोशल मीडिया

25,000FansLike
40,000FollowersFollow
500FollowersFollow
113,000SubscribersSubscribe
- Advertisement -spot_img

ट्रेंडिंग ख़बर