रांची: झारखंड सरकार के वित्त विभाग की समीक्षा में वेतन निकासी में गड़बड़ियां सामने आने के बाद रांची पुलिस प्रशासन सतर्क हो गया है। दरअसल, वित्त विभाग द्वारा 8 अप्रैल को की गई समीक्षा में कई विभागों में वेतन भुगतान के दौरान अनियमितता, गलत खातों में पैसे ट्रांसफर होने और अवैध निकासी के मामले सामने आए थे। रांची के एसएसपी राकेश रंजन ने सभी पुलिसकर्मियों को 24 घंटे के भीतर झारनेट प्रोफाइल अपडेट करने का सख्त निर्देश जारी किया है।
Highlights:
वेतन पर होगी रोक
एसएसपी कार्यालय की ओर से जारी आदेश में कहा गया है कि सभी थाना प्रभारी, ओपी प्रभारी और पुलिसकर्मी निर्धारित प्रपत्र भरकर जरूरी दस्तावेजों के साथ 24 घंटे के भीतर जमा करें। यदि कोई ऐसा नहीं करता है तो मार्च 2026 से उसका वेतन और भत्ता रोक दिया जाएगा। इसकी जिम्मेदारी संबंधित कर्मी की होगी। पुलिसकर्मियों को झारनेट प्रोफाइल अपडेट के लिए आधार कार्ड, पैन कार्ड और बैंक पासबुक या कैंसिल चेक की स्व-अभिप्रमाणित प्रतियां जमा करनी होंगी। साथ ही सभी दस्तावेजों पर सेल्फ अटेस्टेड होना अनिवार्य किया गया है।
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सेवा पुस्तिका से होगा डाटा का मिलान
प्रोफाइल अपडेट के दौरान कर्मियों की जानकारी का मिलान उनकी सेवा पुस्तिका से किया जाएगा। इसमें नाम, पिता का नाम, पदनाम, जन्म तिथि, नियुक्ति तिथि, भविष्य निधि खाता संख्या और अन्य जरूरी विवरण की जांच की जाएगी। वेतन गलत खाते में ट्रांसफर न हो, इसके लिए बैंक डिटेल्स का सत्यापन जरूरी किया गया है। पुलिसकर्मियों को अपने बैंक खाता संख्या और IFSC कोड के प्रमाण के रूप में पासबुक या कैंसिल चेक की प्रति जमा करनी होगी।
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आधार लिंक मोबाइल नंबर अनिवार्य
झारनेट प्रोफाइल में वही मोबाइल नंबर दर्ज करने का निर्देश दिया गया है जो आधार से लिंक हो। इससे OTP आधारित सत्यापन को सुरक्षित और विश्वसनीय बनाया जा सकेगा। जमा किए गए सभी प्रपत्रों और दस्तावेजों का सत्यापन पुलिस केंद्र रांची में परिचारी प्रवर और सेवा पुस्तिका प्रभारी द्वारा किया जाएगा। सत्यापन के बाद दस्तावेजों को लेखा शाखा में जमा कराया जाएगा।
पारदर्शिता और सुरक्षा है मुख्य उद्देश्य
सूत्रों के अनुसार इस प्रक्रिया का मुख्य उद्देश्य फर्जी डाटा और गलत पहचान के जरिए होने वाली अवैध निकासी को रोकना है। साथ ही OTP आधारित सिस्टम के जरिए वित्तीय लेन-देन को सुरक्षित और पारदर्शी बनाना है। रांची पुलिस प्रशासन का यह कदम वेतन निकासी प्रक्रिया में पारदर्शिता और जवाबदेही सुनिश्चित करने की दिशा में अहम माना जा रहा है। समय सीमा के भीतर प्रोफाइल अपडेट नहीं करने वाले कर्मियों के लिए यह सख्ती बड़ा असर डाल सकती है।


