रांची: झारखंड में जेपीएससी-जेएसएससी परीक्षा में धांधली मामले में राज्य सरकार आंदोलनरत छात्रों के साथ वार्ता करने को तैयार है. यह वार्ता कहां होगी, इसे लेकर अभी भी संशय बना हुआ है लेकिन इस बीच छात्रों ने वार्ता को लेकर अपने प्रतिनिधिमंडल को तय कर लिया है. इस प्रतिनिधिमंडल में 8 छात्र समेत कुल 11 लोगों को रखा है, जिसमें 2 पत्रकार व एक अधिवक्ता भी शामिल हैं.
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पत्रकार और पूर्व महाधिवक्ता भी शामिल
JPSC JSSC रिफॉर्म मंच की ओर से जारी सूचना के अनुसार सरकार के चार मंत्रियों के समूह से छात्र प्रतिनिधिमंडल जो वार्ता करेगा उसमें छात्रों में रवींद्र पासवान, पीयूष कुमार सिंह, रविन्द्र कुमार रवि, राजेश प्रसाद, नीतू कुजूर, कार्तिक सोरेन, संदीप कुमार और शालू सिंह शामिल हैं. जबकि दो पत्रकारों में रांची प्रेस क्लब के अध्यक्ष शंभूनाथ चौधरी और विकास वर्मा बतौर अभिभावक के रूर में मौजूद रहेंगै. इसके अलावा कानूनविद के रूप में झारखंड के पूर्व महाधिवक्ता अजीत कुमार प्रतिनिधिमंडल में शामिल किए गए हैं.
प्रतिनिधिमंडल को लेकर दी जानकारी
इस संबंध में मंच ने यह भी स्पष्ट किया है कि प्रतिनिधिमंडल में मौजूद पत्रकार एवं कानूनविद केवल छात्रों के अभिभावक एवं मार्गदर्शक के रूप में उपस्थित रहेंगे। वार्ता के दौरान सभी विषयों, तथ्यों एवं मांगों को केवल छात्र प्रतिनिधियों द्वारा ही प्रस्तुत किया जाएगा। पत्रकार एवं कानूनविद किसी भी प्रकार की बातचीत, बयान या तथ्य प्रस्तुत नहीं करेंगे। इसके अलावा मीडिया से जुड़े सभी अभिभावक अंदर प्रवेश करते समय कोई भी माइक, कैमरा, रिकॉर्डिंग डिवाइस या साउंड सिस्टम लेकर अंदर प्रवेश नहीं करेंगे। पूरी वार्ता छात्र प्रतिनिधियों के नेतृत्व में शांतिपूर्ण एवं व्यवस्थित रूप से संचालित होगी।


