Thursday, November 5, 2026

भारतीय धर्म व संस्कृति की समृद्ध परंपरा को नई पीढ़ी तक पहुँचाने में शोधपरक ग्रंथों की भूमिका महत्वपूर्ण: संतोष गंगवार

रांची: राज्यपाल संतोष कुमार गंगवार ने “अमृतलाल नागर : भारतीय धर्म और संस्कृति” पुस्तक के लोकार्पण करते हुए कहा कि भारतीय धर्म और संस्कृति की समृद्ध परंपरा को समझने तथा उसे नई पीढ़ी तक पहुँचाने में ऐसे शोधपरक ग्रंथों की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। उन्होंने कहा कि यह पुस्तक प्रख्यात साहित्यकार एवं उपन्यासकार अमृतलाल नागर के कथा-साहित्य के माध्यम से भारतीय धर्म, संस्कृति और जीवन-मूल्यों का गंभीर एवं संतुलित अध्ययन प्रस्तुत करती है।
राज्यपाल ने कहा कि अमृतलाल नागर का साहित्य भारतीय समाज, उसकी सांस्कृतिक चेतना तथा मानवीय संवेदनाओं का सशक्त दस्तावेज है। भारतीय संस्कृति की सबसे बड़ी विशेषता उसकी सहिष्णुता, समन्वय की भावना और मानवीय दृष्टिकोण है तथा प्रसन्नता की बात है कि पुस्तक में इन मूल्यों पर गंभीरता से उल्लेखित किया गया है। यह पुस्तक शोधार्थियों, विद्यार्थियों तथा भारतीय संस्कृति में रुचि रखने वाले सभी पाठकों के लिए अत्यंत उपयोगी सिद्ध होगी और हमारी सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण एवं संवर्धन में महत्वपूर्ण योगदान देगी।
राज्यपाल ने अपने जीवन के प्रसंग का उल्लेख करते हुए कहा कि आपातकाल के दौरान उन्हें लगभग एक वर्ष तक कारागार में रहना पड़ा था। उस अवधि में उन्हें अनेक साहित्यिक पुस्तकों एवं उपन्यासों के अध्ययन का अवसर मिला। उसी समय उन्होंने अमृतलाल नागर सहित अनेक साहित्यकारों की कृतियों का गहन अध्ययन किया। उन्होंने कहा कि हिन्दी साहित्य की अपनी अलग विशेषता और समृद्ध परंपरा है, जो भारतीय समाज, संस्कृति और मानवीय मूल्यों को गहराई से अभिव्यक्त करती है। राज्यपाल ने पुस्तक की लेखिका डॉ. समीक्षा मिश्र को इस कृति के लिए हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएँ दीं।

एयर नाऊ स्पेशल

Ramayana Movie Review: Nitesh Tiwari की 4000 करोड़ की...

Ramayana Movie Review: रामायण की कहानी हममें से ज्यादातर लोगों ने बचपन से सुनी है. राम कौन हैं, रावण कौन है, सीता का हरण...
- Advertisement -spot_img

सोशल मीडिया

25,000FansLike
40,000FollowersFollow
500FollowersFollow
113,000SubscribersSubscribe

ट्रेंडिंग ख़बर