रांची : लापुंग और बेड़ो प्रखंड में JSLPS से जुड़ कर आजीविका के क्षेत्र में बेहतर काम कर रही दीदियों के जीवन में बड़ा बदलाव आ रहा है, संयुक्त प्रयास से लखपति दीदी बनने का सपना साकार हो सकता है. ये बातें राज्य की कृषि, पशुपालन एवं सहकारिता मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कही है. लापुंग में एकीकृत कृषि कलस्टर ( IFC) और बेड़ो में जरिया आजीविका महिला संकुल स्तरीय प्राथमिक स्वावलंबी सहकारी समिति लिमिटेड के कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मंत्री ने कहा कि आज का दौर कलस्टर स्तर पर काम करने का है.
कृषि मंत्री ने कहा कि लापुंग प्रखंड में पहली बार कलस्टर बना कर महिला स्वावलंबन के क्षेत्र में काम की शुरुआत हुई है, सापूकेरा, ककरिया और दानिकेरा कलस्टर से जुड़कर महिलाएं अब किसी एक उपज या उत्पाद तक सीमित नहीं रहेंगी. बल्कि उनके सामने कई तरह के दूसरे विकल्प भी मौजूद है. महिला दीदी खेती – किसानी से लेकर पशुपालन और मत्स्य पालन से जुड़कर अपने सपनों को साकार कर सकती है. उन्होंने कहा कि सरकार हर तरह का सहयोग करने के लिए तैयार है. सरकार की योजनाएं महिलाओं को रोजगार से जोड़ने और उन्हें आगे बढ़ाने में मददगार साबित हो रहीं है. वहीं उत्पाद का सही मूल्य दिलाने के साथ किसानों के लिए बेहतर बाजार उपलब्ध कराने के लिए वो व्यक्तिगत रूप से पहल करेंगी.
मंत्री शिल्पी नेहा तिर्की ने कहा कि महिला समूह से जुड़कर पलायन पर आसानी से विराम लगाया जा सकता है. बेड़ो की दीदियों ने अपने इच्छा शक्ति के दम पर रोजगार के क्षेत्र में अपने स्वतंत्र पहचान को स्थापित किया है. मंत्री ने आज लापुंग और बेड़ो की महिलाओं ने प्रति वर्ष 6 लाख रुपए आय का सामूहिक रूप से संकल्प लिया है. इस मौके पर लापुंग और बेड़ो में कार्यालय का उदघाटन किया गया. लेटे गांव में मंत्री ने अंडा उत्पादन केंद्र का भी उदघाटन किया. इस कार्यक्रम में लापुंग BDO ऊषा मिंज, CO पंकज कुमार, उप प्रमुख विश्वनाथ मुंडा, मुखिया सरोज मुंडा, प्रखंड अध्यक्ष जयंत बारला, सुदामा महली, JSLPS के पदाधिकारी मौजूद थे. वहीं बेड़ो कांग्रेस प्रखंड अध्यक्ष करमा उरांव, BDO राहुल उरांव, JSLPS निशिकांत, मुकेश, सुशांति भगत, कुंवारी खलखो, पार्वती, शंभू बैठा, अनमोल मुख्य रूप से उपस्थित थे.


