चाईबासा : पश्चिमी सिंहभूम जिले के चाईबासा में नक्सलियों ने एक बार फिर अपनी मौजूदगी का जोरदार प्रदर्शन किया है। सोमवार रात भाकपा माओवादी नक्सलियों ने ऑपरेशन कगार के विरोध में सारंडा क्षेत्र में पेड़ काटकर सड़क पर गिरा दिया और मार्ग को पूरी तरह अवरुद्ध कर दिया। नक्सलियों ने मनोहरपुर से कोलबोंगा जाने वाली मुख्य सड़क को निशाना बनाया। पेड़ गिराकर सड़क को जाम करने के साथ ही नक्सलियों ने वहां बैनर भी टांग दिया, जिसमें ‘ऑपरेशन कगार’ का विरोध दर्ज कराया गया है।
Highlights:
मुख्य सड़क पर आवाजाही ठप
घटना के बाद मनोहरपुर कोलबोंगा मुख्य मार्ग पूरी तरह बाधित हो गया है। सड़क पर पड़े बड़े-बड़े पेड़ों के कारण यातायात पूरी तरह ठप है। ग्रामीणों और यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। फिलहाल सुरक्षा बलों की टीम मौके पर पहुंचकर सड़क से पेड़ हटाने का प्रयास कर रही है।
बीएसएनएल टावर को किया आग के हवाले
नक्सलियों ने सिर्फ सड़क ही नहीं रोकी, बल्कि बीते रविवार देर रात सारंडा के छोटानागरा थाना क्षेत्र स्थित कुदलीबाद गांव में लगे बीएसएनएल टावर को भी आग के हवाले कर दिया। आगजनी से टावर पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गया है, जिससे क्षेत्र में संचार सेवाएं प्रभावित हो गई हैं।
Also Read : वन भूमि घोटाले में पंचायती राज विभाग के उप निदेशक गिरफ्तार
सड़क उड़ाकर फैलाया दहशत
इसी क्षेत्र में कुदलीबाद से करिया जाने वाली सड़क को नक्सलियों ने विस्फोट कर उड़ा दिया। इसके कारण इलाके में दहशत फैल गई है। सुरक्षा बलों को सड़क पर विस्फोटक लगाकर उड़ाए गए हिस्से की मरम्मत में समय लग सकता है।
सुरक्षा बल अलर्ट पर
घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और अर्धसैनिक बलों की टीम मौके पर पहुंची और इलाके में सर्च ऑपरेशन तेज कर दिया गया है। ऑपरेशन कगार के तहत नक्सलियों के खिलाफ लगातार कार्रवाई की जा रही है। माना जा रहा है कि नक्सलियों ने इसी कार्रवाई के विरोध में यह घटनाएं अंजाम दी हैं।
मुख्य बिंदु एक नजर में
- नक्सलियों ने सारंडा क्षेत्र में पेड़ काटकर सड़क को किया जाम।
- मनोहरपुर- कोलबोंगा सड़क पर यातायात ठप।
- कुदलीबाद गांव में बीएसएनएल टावर को नक्सलियों ने आग के हवाले किया।
- कुदलीबाद से करिया सड़क को विस्फोट कर उड़ाया गया।
- इलाके में सर्च ऑपरेशन जारी, सुरक्षा बल अलर्ट पर।
पुलिस प्रशासन ने ग्रामीणों से सतर्क रहने और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत देने की अपील की है। वहीं नक्सल विरोधी अभियान को और तेज करने के संकेत दिए गए हैं।


