Saturday, October 31, 2026

संसद से जुड़े सभी दस्तावेज 22 भाषाओं में होंगे उपलब्ध, स्पीकर ओम बिरला ने की घोषणा

नई दिल्ली : भारतीय संसद को लोकतंत्र का मंदिर कहा जाता है। यहां देश के हर कोने से चुने गए सांसद आते हैं। ये सांसद अलग-अलग भाषा, संस्कृति और पृष्ठभूमि से होते हैं। भारत जैसे विविधताओं वाले देश में यह स्वाभाविक है कि कई बार संसद की कार्यवाही के दौरान भाषा को लेकर दिक्कतें आती हैं। कई सांसदों को बिल, परिपत्र या रिपोर्ट ठीक से समझने में परेशानी होती है। अब इस समस्या का समाधान आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस यानी की मदद से निकाला गया है।

इसे लेकर केंद्र सरकार ने फैसला किया है कि संसद से जुड़े सभी जरूरी दस्तावेज 22 भाषाओं में उपलब्ध कराए जाएंगे। इसमें अनुवाद, परिपत्र, विधेयक और संसदीय समितियों की रिपोर्ट शामिल होंगी। इससे सांसद अपनी मातृभाषा में सवाल पूछ सकेंगे और जरूरी कागजात भी अपनी भाषा में पढ़ सकेंगे। इससे अनुवाद की गलतियों और देरी से होने वाली समस्याएं काफी हद तक खत्म हो जाएंगी।

पहली बार 22 भाषाओं में कार्यवाही

स्पीकर ओम बिरला ने इस बदलाव की घोषणा करते हुए कहा कि AI की मदद से संसद के सभी परिपत्र 22 भाषाओं में उपलब्ध कराए जाएंगे। उन्होंने यह भी कहा कि दोनों सदनों यानी लोकसभा और राज्यसभा, की कार्यवाही और औपचारिक दस्तावेज पहली बार 22 भाषाओं में तैयार किए जाएंगे। यह दुनिया में अपनी तरह का अनोखा कदम होगा। ओम बिरला ने यह भी कहा कि कई बार अहम बिल आखिरी समय पर पेश किए जाते हैं, जिससे सांसदों को पढ़ने और बहस की तैयारी का समय नहीं मिल पाता। अब कोशिश की जाएगी कि बिल पहले पेश हों, ताकि सभी सांसद अच्छे से तैयारी कर सकें।

आठवीं अनुसूची में 22 भाषाओं को मान्यता

मिली जानकारी के अनुसार फिलहाल संसद में सिर्फ 10 भाषाओं में ही परिपत्र और बजट उपलब्ध होते हैं। लेकिन यह नया बदलाव 2026 के अंत या 2027 की शुरुआत तक लागू होने की उम्मीद है। भारतीय संविधान की आठवीं अनुसूची में 22 भाषाओं को मान्यता दी गई है। इनमें हिंदी, बंगाली, तमिल, तेलुगु, मराठी, गुजराती, उर्दू, कन्नड़, मलयालम, पंजाबी सहित कई अन्य भाषाएं शामिल हैं। यह कदम भारतीय लोकतंत्र को और मजबूत बनाने में मदद करेगा।

एयर नाऊ स्पेशल

Radhakrishna Kishore Podcast: राजनीति में आने की वजह से...

Radhakrishna Kishore Podcast: झारखंड सरकार के वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर अपने बेबाक अंदाज और साफगोई के लिए जाने जाते हैं। एयरनाऊ के खास पॉडकास्ट...
- Advertisement -spot_img

सोशल मीडिया

25,000FansLike
40,000FollowersFollow
500FollowersFollow
113,000SubscribersSubscribe

ट्रेंडिंग ख़बर