हजारीबाग : जिले में करोड़ों रुपये की कथित ठगी का मामला सामने आने से हड़कंप मच गया है। आरोप है कि रिलीफंस रिलीफ निधि लिमिटेड नामक कंपनी ने लोगों को कम समय में पैसा दोगुना करने का लालच देकर बड़ी संख्या में निवेश करवाया और बाद में कार्यालय बंद कर फरार हो गई। कंपनी की शाखाएं बड़कागांव, उरीमारी, चुरचू और हजारीबाग क्षेत्र में संचालित थीं।
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जानकारी के अनुसार, कंपनी बैंकिंग संस्था की तरह काम कर रही थी। एजेंट घर-घर जाकर लोगों को आकर्षक योजनाओं का झांसा देते थे और मासिक किस्तों के माध्यम से राशि जमा कराई जाती थी। निवेशकों को पासबुक भी उपलब्ध कराई जाती थी, जिससे लोगों का भरोसा कंपनी पर बढ़ता गया। कंपनी की ओर से तय अवधि में जमा राशि दोगुनी करने और अधिक मुनाफा देने का दावा किया जाता था।
हालांकि, निवेश की अवधि पूरी होने के बाद जब लोगों ने अपनी जमा पूंजी वापस मांगी तो कंपनी के संचालक और एजेंट संपर्क से बाहर हो गए। पीड़ितों का आरोप है कि कई एजेंटों के मोबाइल फोन बंद हैं, जबकि कंपनी के कार्यालयों पर भी ताले लटके हुए हैं।
इस मामले में दारू थाना क्षेत्र की निवासी सविता कुमारी ने थाना में लिखित शिकायत देकर कार्रवाई की मांग की है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार, जिले भर में करीब तीन करोड़ रुपये से अधिक की ठगी की आशंका जताई जा रही है।
घटना के बाद निवेशकों में भारी आक्रोश है। पीड़ितों ने प्रशासन और पुलिस से मामले की निष्पक्ष जांच कराने, दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्रवाई करने तथा उनकी जमा राशि वापस दिलाने की मांग की है।




