न्यूज डेस्क: कानपुर में महज 48 घंटे के अंदर 750 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया. इनमें से 225 को कोर्ट वारंट के आधार पर सीधे कोर्ट में पेश किया गया और उन्हें जेल भेज दिया गया. फिलहाल आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई जारी है और पुलिस आगे की जांच में जुटी हुई है.
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पुलिस कमिश्नर रघुवीर लाल के निर्देश पर यह अभियान चलाया गया, जिसमें कानपुर के सभी थाना क्षेत्रों में एक साथ कार्रवाई की गई. मंगलवार को अभियान की शुरुआत हुई और 48 घंटे तक लगातार छापेमारी के साथ धरपकड़ जारी रही. पुलिस ने उन अपराधियों को सबसे ज्यादा निशाना बनाया, जो लंबे समय से फरार थे या फिर उनके खिलाफ अदालत में वारंट जारी थे.
225 आरोपियों को भेजा गया जेल
जॉइंट पुलिस कमिश्नर विपिन टांडा ने कहा कि इस अभियान के तहत सभी पुलिस थानों में एक साथ कार्रवाई की गई. जहां से कुल 750 अपराधियों को गिरफ्तार कर लिया गया, वहीं इनमें से 225 को नॉन- बेलेबल वारंट के तहत सीधे अदालत में पेश कर जेल भेज दिया गया. वहीं बाकी के आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए उन्हें अलग-अलग थानों में रखकर आगे की कार्रवाई की जा रही है.
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कोई भी अपराधी बख्शा नहीं जाएगा
पुलिस के अनुसार, इस अभियान का मकसद उन मामलों को आगे बढ़ाना था, जो जांच में लंबे समय से लंबित था. वहीं कई ऐसे आरोपी भी थे जो गिरफ्तारी के डर से फरार है जिनके कारण केस आगे नहीं बढ़ पा रहा था. इस अभियान के दौरान बड़ी संख्या में अपराधियों को कानपुर के साउथ जोन से पकड़ा गया.
पुलिस ने कोर्ट के वारंट पर फरार आरोपियों को पकड़कर डीसीपी मुख्यालय में पेश किया. इसके साथ ही पुलिस ने कहा कि कानपुर में पहली बार इतनी बड़ी संख्या में एक साथ आरोपियों की गिरफ्तारी हुई है. कमिश्नर विपिन ने स्पष्ट किया है कि ये अभियान लगातार चलेगा और कोई भी अपराधी बख्शा नहीं जाएगा.


