नई दिल्ली : केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण संसद में अपना लगातार नौवां बजट पेश कर रही हैं. इस बजट में वित्त मंत्री ने Bio Pharma Shakti की घोषणा की, जिसमें अगले पांच वर्षों में 10,000 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है. टेक्नोलॉजी सेक्टर में सरकार Semiconductor Mission 2.0 शुरू करेगी और इंडस्ट्री‑लैड रिसर्च पर फोकस करेगी. वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने रविवार को कैपिटल एक्सपेंडिचर में करीब 9% वृद्धि का ऐलान किया. केंद्र सरकार ने वित्त वर्ष 2026‑27 के लिए कैपिटल एक्सपेंडिचर बढ़ाकर 12.2 लाख करोड़ रुपये कर दिया है.
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पिछले बजट FY25‑26 में कैपिटल एक्सपेंडिचर (कैपेक्स) 11.21 लाख करोड़ रुपये तय किया गया था. निर्मला सीतारमण ने यह बजट भाषण उस समय दिया जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय कैबिनेट ने यूनियन बजट 2026 को मंजूरी दे दी.
7 हाई‑स्पीड रेल कॉरिडोर
सरकार 7 नए हाई‑स्पीड रेल कॉरिडोर विकसित करेगी. ये ऐसे शहरों को जोड़ेंगे जो देश की ग्रोथ को बढ़ावा देने वाले हैं. इनमें मुंबई – पुणे, पुणे – हैदराबाद, हैदराबाद – बेंगलुरु, हैदराबाद – चेन्नई, चेन्नई – बेंगलुरु, दिल्ली – वाराणसी और वाराणसी – सिलीगुड़ी शामिल है। इसके अलावा बजट पेश करते हुए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने ऐलान किया कि अगले 5 साल में 20 नए वाटरवेज़ बनाए जाएंगे.
नेशनल वाटरवे ओडिशा में बनाया जाएगा, ताकि खनिज संपन्न तालचेर और अंगूल को कनेक्ट किया जा सके, और कलिंगनगर को पारादीप पोर्ट से जोड़ा जा सके. इसके साथ ही शिप रिपेयर इकोसिस्टम तैयार किया जाएगा. वाराणसी और पटना में इसके लिए विशेष सेंटर स्थापित किए जाएंगे.
विकसित भारत की ओर अग्रसर
सरकार द्वारा किए गए लगातार आर्थिक सुधारों और नीतियों के परिणामस्वरूप देश ने 7 प्रतिशत की उच्च विकास दर हासिल की है. वित्त मंत्री ने कहा कि भारत अब ‘विकसित भारत’ की दिशा में विश्वास से भरे कदम आगे बढ़ा रहा है और यह यात्रा निरंतर जारी रहेगी.
सर्विस सेक्टर पर सरकार के बड़े ऐलान
बजट भाषण के दौरान वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने कहा कि सरकार सर्विस सेक्टर में रोजगार बढ़ाने और हेल्थ इकोसिस्टम को मजबूत करने के लिए बड़े कदम उठाने जा रही है. सर्विस सेक्टर में जॉब बनाने के लिए कमेटी बनाने का ऐलान. 2047 तक भारत का सर्विस सेक्टर में हिस्सा 10% करने का लक्ष्य.
5 रीजनल मेडिकल हब
निजी क्षेत्र के सहयोग से 5 क्षेत्रीय रीजनल मेडिकल हब बनेंगे. इनमें आयुष सेंटर, मेडिकल टूरिज्म सेक्टर, डायग्नोस्टिक सेक्टर शामिल होंगे. यहां हेल्थ प्रोफेशनल्स, जैसे- डॉक्टर, नर्स और अन्य मेडिकल स्टाफ को रोजगार मिलेगा.
AYUSH सेक्टर पर जोर
कोविड के बाद योग और आयुर्वेद को काफी बढ़ावा मिला है. वैश्विक मांग को पूरा करने के लिए आयुर्वेद पर विशेष ध्यान दिया जाएगा. तीन नए ऑल इंडिया इंस्टीट्यूट बनाए जाएंगे. आयुष फार्मेसी और ड्रग टेस्टिंग लैब को अपग्रेड किया जाएगा. WHO ग्लोबल मेडिकल सेंटर, जामनगर को अपग्रेड किया जाएगा.


