Tuesday, November 3, 2026

शंकराचार्य के मुद्दे पर यूपी में घमासान, योगी के बयान पर अखिलेश और अविमुक्तेश्वरानंद का पलटवार

लखनऊ : उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को विधानसभा की कार्यवाही के दौरान पहली बार प्रयागराज में माघ मेले के दौरान उत्तराखंड के ज्योतिर्मठ के प्रमुख स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती और प्रशासन के बीच हुए विवाद पर प्रतिक्रिया दी. अपने भाषण में योगी आदित्यनाथ ने शंकराचार्य पद की गरिमा और योग्यता पर बयान दिया. साथ ही उन्होंने राज्य में क़ानून के शासन पर ज़ोर दिया और समाजवादी पार्टी पर भी निशाना साधा. उनके बयानों पर समाजवादी पार्टी और यूपी के पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने सवाल उठाए हैं.

योगी आदित्यनाथ ने कहा, “समाजवादी पार्टी बार-बार एक झूठ को दोहराने का प्रयास करती है. जो मुद्दा नहीं था उसको जानबूझकर मुद्दा बनाया गया. मैं कहता हूं कि क्या हर व्यक्ति ख़ुद ही मुख्यमंत्री बनकर प्रदेश के अंदर घूम जाएगा? क्या कोई भी मंत्री का बोर्ड लगाकर घूम जाएगा?” एक सिस्टम है, एक व्यवस्था है. भारत के सनातन धर्म की भी यही व्यवस्थाएं हैं. शंकराचार्य का पद भारत के सनातन धर्म में सर्वोच्च और सम्मानित पद माना जाता है. बहुत पवित्र माना जाता है.”

उन्होंने कहा, “माघ मेला में मौनी अमावस्या के दिन 4.5 करोड़ श्रद्धालु आए, सबके लिए एक व्यवस्था बनाई गई. क़ानून तो सबके लिए बराबर होता है. कोई व्यक्ति किसी क़ानून से ऊपर नहीं हो सकता.” मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शंकराचार्य पद की योग्यता और पात्रता को लेकर भी बयान दिया. उन्होंने कहा, “आदि गुरु शंकराचार्य ने अनिवार्य किया है कि जिस पीठ के लिए जो योग्य पात्र होगा उसका मन, उसका भाष्य, विद्वत परिषद द्वारा मान्य किया जाएगा और उस परपंरा द्वारा उसको मान्य किया गया. हर व्यक्ति शंकराचार्य नहीं लिख सकता. हर व्यक्ति हर पीठ के आचार्य के रूप में जाकर जहां-तहां वातावरण ख़राब नहीं कर सकता. उन मर्यादाओं का पालन सबको करना होगा.”

सपा पर भी निशाना साधा

योगी आदित्यनाथ ने कहा, “अगर वह शंकराचार्य थे तो आप लोगों (सपा) ने क्यों लाठीचार्ज किया था वाराणसी में? क्यों एफ़आईआर की थी? आप नैतिकता की बात करते हैं?” सीएम ने कहा, “जहां पर 4.5 करोड़ श्रद्धालु आए हों, वहां पर श्रद्धालुओं के बाहर निकलने वाले मार्ग से कोई अंदर जाने का प्रयास करता है तो एक नई भगदड़ को जन्म देता है. श्रद्धालुओं के जीवन के साथ खिलवाड़ करता है. एक ज़िम्मेदार और मर्यादित व्यक्ति कभी इस तरह का आचरण नहीं कर सकता.” उन्होंने कहा, “आपको पूजना है, सपा के लोग पूजें. लेकिन हम लोग मर्यादित लोग हैं. क़ानून के शासन पर विश्वास करते हैं. क़ानून का शासन पालन करना भी जानते हैं और करवाना भी जानते हैं.”

अविमुक्तेश्वरानंद की तीखी प्रतिक्रिया

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के शंकराचार्य पद को लेकर दिए बयान पर उत्तराखंड के ज्योतिर्मठ के प्रमुख स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने तीख़ी प्रतिक्रिया दी है. इस पर अविमुक्तेश्वरानंद सरस्वती ने शनिवार को कहा, “नजीर है, आदित्यनाथ के ऊपर 40 से ज़्यादा मुक़दमे थे और जब वह मुख्यमंत्री बने तो सभी मुक़दमे अपने ऊपर से हटवा लिए. ये कैसा क़ानून का पालन है? ये क्या क़ानून में लिखा है कि अगर कोई भी व्यक्ति बड़े पद पर पहुंच जाएगा तो उसके ऊपर से सारे मुक़दमे हटा लिए जाएंगे? ये कहां लिखा है?”

उन्होंने कहा, “उत्तर प्रदेश की विधानसभा में खड़े होकर आपने ये कहा है कि मैं क़ानून का पालन करने वाला हूं. अगर आप क़ानून का पालन करने वाले हैं तो 45 केस और उनका कोर्ट में सामना करिए.”

सीएम के बयान पर अखिलेश यादव बोले

अखिलेश यादव ने शंकराचार्य पद को लेकर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बयान को ‘अभद्र’ बताया है. उन्होंने कहा कि ‘शंकराचार्य जी पर दिया गया अभद्र बयान सदन में हमेशा के लिए दर्ज़ हो गया है. इस बयान को हम निंदनीय कहें तो निंदनीय शब्द को भी निंदनीय महसूस होगा’.

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के बयान पर अखिलेश यादव ने शनिवार को कहा, “परम पूज्य शंकराचार्य जी के बारे में घोर अपमानजनक अपशब्द बोलना, शाब्दिक हिंसा है और पाप भी. ऐसा कहने वाले के साथ-साथ उनको भी पाप पड़ेगा जिन्होंने चापलूसी में मेजे़ें थपथपाई हैं.”

उन्होंने कहा, “जो महाकुंभ की मौतों पर सच्चे आँकड़े नहीं बताते हैं, कैश में मुआवज़ा देकर उसमें भी भ्रष्टाचार का रास्ता निकाल लेते हैं. जिन तक मुआवज़ा नहीं पहुँचा, उनका पैसा कहाँ गया, ये नहीं बताते हैं. अपने ऊपर लगे मुक़दमे हटवाते हैं. वो किसी और के ‘धर्म-पद’ पर सवाल उठाने का नैतिक अधिकार नहीं रखते.” उन्होंने कहा, “जब इंसान नहीं, अहंकार बोलता है तो यही होता है. अहंकार संस्कार को विकार में बदल देता है.”

एयर नाऊ स्पेशल

Radhakrishna Kishore Podcast: राजनीति में आने की वजह से...

Radhakrishna Kishore Podcast: झारखंड सरकार के वित्त मंत्री राधाकृष्ण किशोर अपने बेबाक अंदाज और साफगोई के लिए जाने जाते हैं। एयरनाऊ के खास पॉडकास्ट...
- Advertisement -spot_img

सोशल मीडिया

25,000FansLike
40,000FollowersFollow
500FollowersFollow
113,000SubscribersSubscribe

ट्रेंडिंग ख़बर