रांची के अल्बर्ट एक्का चौक पर मुख्यमंत्री Hemant Soren का पुतला दहन करने के दौरान हुए हंगामे और शाहबाज आलम के साथ कथित मारपीट के मामले में तीन नामजद आरोपियों ने कोर्ट का रुख किया है। चंडी तिवारी, जयप्रकाश और रविंद्र ने रांची सिविल कोर्ट में अग्रिम जमानत याचिका दाखिल की है। तीनों की ओर से अधिवक्ता सूरज किशोर प्रसाद ने यह याचिका दायर की है। याचिका पर गुरुवार को सुनवाई होने की संभावना है।
Highlights:
शाहबाज आलम की शिकायत पर दर्ज हुई प्राथमिकी
मामले में रांची के आजाद बस्ती निवासी शाहबाज आलम ने चंडी तिवारी, जयप्रकाश और रविंद्र के खिलाफ नामजद प्राथमिकी दर्ज कराई है। शाहबाज की शिकायत के आधार पर लोअर बाजार थाना में मामला दर्ज किया गया है। प्राथमिकी में आरोप लगाया गया है कि आरोपियों ने उनके साथ मारपीट की और जानलेवा हमला किया।
इस मामले में लोअर बाजार थाना में कांड संख्या 185/2026 दर्ज की गई है। पुलिस की प्राथमिकी में लगाए गए आरोपों के आधार पर मामले की जांच की जा रही है। वहीं, नामजद आरोपियों ने गिरफ्तारी की आशंका के बीच अदालत से अग्रिम जमानत की मांग की है।
JPSC-JSSC आंदोलन के बाद हुआ था विवाद
यह पूरा मामला JPSC और JSSC परीक्षाओं को लेकर चल रहे आंदोलन के बाद सामने आया। परीक्षा से जुड़े मुद्दों को लेकर रांची में लगातार विरोध-प्रदर्शन और राजनीतिक गतिविधियां देखने को मिली हैं। इसी क्रम में अल्बर्ट एक्का चौक पर मुख्यमंत्री Hemant Soren का पुतला दहन किया गया था।
पुतला दहन के दौरान वहां हंगामा हुआ और इसी दौरान शाहबाज आलम के साथ मारपीट का आरोप सामने आया। घटना के बाद शाहबाज ने थाने पहुंचकर तीन लोगों के खिलाफ नामजद शिकायत दर्ज कराई। प्राथमिकी दर्ज होने के बाद अब इस मामले ने कानूनी मोड़ ले लिया है।
आरोपियों ने गिरफ्तारी से पहले कोर्ट का दरवाजा खटखटाया
चंडी तिवारी, जयप्रकाश और रविंद्र ने रांची सिविल कोर्ट में अग्रिम जमानत के लिए आवेदन दिया है। अग्रिम जमानत का मतलब है कि किसी व्यक्ति को संभावित गिरफ्तारी से पहले अदालत से राहत मांगने का कानूनी रास्ता मिलता है। अदालत मामले के तथ्यों और दोनों पक्षों की दलीलों को सुनने के बाद इस पर फैसला करेगी।
तीनों आरोपियों की तरफ से अधिवक्ता सूरज किशोर प्रसाद ने अग्रिम जमानत याचिका दाखिल की है। अब इस याचिका पर अदालत में सुनवाई का इंतजार है। गुरुवार को होने वाली संभावित सुनवाई में आरोपियों की ओर से गिरफ्तारी से राहत दिए जाने की मांग रखी जा सकती है।
पुलिस जांच में सामने आएंगे घटना के तथ्य
फिलहाल मामले में प्राथमिकी में लगाए गए आरोपों की पुलिस जांच कर रही है। प्राथमिकी में मारपीट और जानलेवा हमले जैसे गंभीर आरोप लगाए गए हैं। हालांकि, इन आरोपों की पुष्टि जांच और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर ही होगी।
अदालत में अग्रिम जमानत याचिका दाखिल होने के बाद अब पुलिस जांच के साथ-साथ न्यायिक प्रक्रिया भी आगे बढ़ेगी। गुरुवार की सुनवाई में अदालत का रुख इस मामले में आगे की कानूनी प्रक्रिया के लिहाज से अहम माना जा रहा है।
मामला ऐसे समय सामने आया है जब JPSC और JSSC परीक्षाओं को लेकर रांची में लंबे समय से आंदोलन और विरोध-प्रदर्शन का दौर जारी रहा है। अल्बर्ट एक्का चौक पर हुए इस विवाद ने आंदोलन से जुड़े घटनाक्रम में एक नया कानूनी अध्याय जोड़ दिया है।


