न्यूज डेस्क: हंता वायरस के प्रकोप से प्रभावित क्रूज़ जहाज़ को छोड़कर अपने देश लौटे एक अमेरिकी और एक फ़्रांसीसी नागरिक में इस वायरस का संक्रमण पाया गया है, अधिकारियों ने इसकी जानकारी दी है. अमेरिकी स्वास्थ्य विभाग ने बताया कि वापसी वाली उड़ान में मौजूद एक अन्य अमेरिकी नागरिक में भी संक्रमण के हल्के लक्षण दिखे थे.
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विभाग ने आगे कहा, “अत्यधिक सावधानी बरतते हुए दोनों यात्रियों ने बायोकंटेनमेंट यूनिट” में यात्रा की थी.” जबकि फ़्रांस की स्वास्थ्य मंत्री स्टेफ़नी रिस्ट ने बताया कि एक महिला पेरिस में आइसोलेशन में है और उनकी तबीयत बिगड़ रही है. उन्होंने कहा कि अब तक उनके संपर्क में आए 22 लोगों का पता लगाया जा चुका है.
वापस भेजे जा रहे लोग
हंता वायरस के लक्षण वाले मरीज़ पाए जाने के बाद एमवी होंडियस जहाज़ के 90 से अधिक यात्रियों को उनके देश वापस भेजा जा रहा है. यह जहाज फिलहाल स्पेन के कैनरी द्वीप में खड़ा है. इस जहाज़ से यात्रा करने के बाद तीन यात्रियों की मौत हो चुकी है. इनमें से दो यात्रियों में वायरस होने की पुष्टि हुई है.
भारतीय को लेकर आया अपडेट
नीदरलैंड्स के जहाज़ एमवी होंडियस पर दो भारतीय भी सवार थे, जिन्हें नीदरलैंड्स ले जाया गया है और वे पूरी तरह स्वस्थ हैं. स्पेन में भारतीय दूतावास ने बताया, “दोनों भारतीयों में (हंता वायरस के) कोई लक्षण नज़र नहीं आए हैं. स्पेन के नेशनल सेंटर फ़ॉर इमरजेंसी मॉनिटरिंग एंड को-ऑर्डिनेशन ने बताया कि ये दोनों भारतीय नागरिक नीदरलैंड्स ले जाए गए हैं जहां उन्हें स्वास्थ्य सुरक्षा नियमों के अनुसार क्वारंटीन किया जाएगा.”
दूतावास ने लिखा, “राजदूत स्पेनिश अधिकारियों और उन दोनों भारतीय नागरिकों (क्रू सदस्य) के साथ लगातार संपर्क में हैं और स्थिति पर नज़र रख रहे हैं ताकि भारतीय नागरिकों की सुरक्षा सुनिश्चित की जा सके.”
गौरतलब है कि यह जहाज़ 1 अप्रैल को अर्जेंटीना से चला था और वायरस फैलने की खबर के बाद रविवार को स्पेन के कैनरी आइलैंड्स पहुंचा.
हंता वायरस के लक्षण
हंता वायरस आमतौर पर चूहे जैसे (कुतरने वाले) जीवों से फैलता है, लेकिन इसका ‘एंडीज़ स्ट्रेन’ इंसानों में भी फ़ैल सकता है. विश्व स्वास्थ्य संगठन का मानना है कि डच जहाज के कुछ यात्री जब दक्षिण अमेरिका में थे, तब वे इस स्ट्रेन से संक्रमित हुए थे. इसके लक्षणों में बुखार, अत्यधिक थकान, मांसपेशियों में दर्द, पेट दर्द, उल्टी, दस्त और सांस लेने में तकलीफ़ शामिल हैं. अधिकारियों का कहना है कि बड़े पैमाने पर इसका प्रकोप फ़ैलने का ख़तरा बहुत कम है.


