Lifestyle Desk: घर में काम करते हुए हाथ कट जाना, जल जाना या मोच आ जाना बहुत आम बात है. लेकिन दिक्कत तब बढ़ती है जब सही समय पर सही फर्स्ट एड नहीं मिलती। अक्सर लोग फर्स्ट एड बॉक्स तो रखते हैं, पर उसका सही इस्तेमाल नहीं जानते. यही छोटी गलती बाद में बड़ी परेशानी बन जाती है. दरअसल, हल्की चोट को अगर शुरुआत में ही संभाल लिया जाए तो डॉक्टर के पास जाने की जरूरत भी कम पड़ती है. लेकिन हर चोट का तरीका अलग होता है. ऐसे में जरूरी है कि आपको बेसिक फर्स्ट एड की सही जानकारी हो.
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जलने पर क्या करें
रसोई में गर्म तेल या भाप से जलना सबसे आम हादसा है. ऐसे में सबसे पहले जले हुए हिस्से को ठंडे पानी से धोना चाहिए. कई लोग तुरंत बर्फ लगा देते हैं, लेकिन ऐसा करना सही नहीं माना जाता। इससे त्वचा को नुकसान हो सकता है. पानी के बाद आप एलोवेरा जेल या कोई कूलिंग जेल लगा सकते हैं. अगर जलने की जगह पर फफोले पड़ जाएं या संवेदनशील हिस्से पर चोट हो, तो घर पर इलाज करने के बजाय डॉक्टर को दिखाना बेहतर है.
मोच या हड्डी की चोट में क्या करें
कई बार चलते-फिरते पैर मुड़ जाता है या हाथ में मोच आ जाती है. ऐसे में घबराने की जरूरत नहीं है. सबसे पहले उस हिस्से को आराम दें। फिर बर्फ से सिंकाई करें, हल्का दबाव रखें और उस हिस्से को थोड़ा ऊपर उठाकर रखें. इसे RICE तरीका कहा जाता है और यह काफी असरदार होता है. लेकिन अगर दर्द बहुत ज्यादा हो, सूजन तेजी से बढ़े या हिलाने पर भी सहन न हो, तो देरी किए बिना डॉक्टर के पास जाना जरूरी है.
कट लगने पर सही तरीका
रसोई में काम करते समय छोटे कट लगना आम है. ऐसे में लोग तुरंत पानी से धोने लगते हैं, जबकि सबसे पहले खून को रोकना जरूरी होता है. साफ कपड़े या गॉज से घाव को दबाकर रखें ताकि ब्लीडिंग कंट्रोल हो सके. इसके बाद पानी से साफ करें और एंटीसेप्टिक या एंटीबायोटिक क्रीम लगाएं.अगर कट गहरा हो, खून बंद न हो रहा हो या अंदर कुछ फंसा हो, तो खुद से छेड़छाड़ न करें और डॉक्टर की मदद लें.
सिर में चोट को हल्के में न लें
बच्चों में खेलते समय सिर पर चोट लगना भी आम है। चोट के बाद चक्कर आना, धुंधला दिखना या उल्टी जैसा महसूस होना नजर आए तो सावधान हो जाएं. हल्की चोट में आइस पैक से राहत मिल सकती है.लेकिन अगर उल्टी, बेहोशी या बोलने में दिक्कत हो, तो तुरंत मेडिकल जांच जरूरी है.
अक्सर छोटी चोट को नजरअंदाज कर दिया जाता है, लेकिन सही समय पर सही कदम उठाना ही सबसे बड़ी सुरक्षा है. फर्स्ट एड बॉक्स रखना ही काफी नहीं, उसका सही इस्तेमाल जानना भी उतना ही जरूरी है.


