बिहार : बिहार विधानसभा चुनाव में महागठबंधन के सहयोगी दलों में सबकुछ ठीक होता नजर आ रहा है. गुरूवार को पटना में आयोजित संयुक्त प्रेस वार्ता में तेजस्वी यादव को सीएम और मुकेश सहनी को डिप्टी सीएम का चेहरा बनाने की घोषणा के साथ ही हालात सुधरने लगे हैं. कल तक 12 सीटों पर फ्रेंडली फाइट होने की कवायद अब कम होती नजर आ रही है, कम से कम दो विधानसभा सीटों पर तो जरूर ऐसा नजर आ रहा है. कटिहार के प्राणपुर और मधुबनी के बाबूबरही विधानसभा सीट पर अब महागठबंधन के दल आपस में चुनाव लड़ते नहीं दिखेंगे.
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प्राणपुर विधानसभा सीट से कांग्रेस उम्मीदवार तौकीर आलम ने गुरूवार को राजद के जाकिर हुसैन समेत महागठबंधन के अन्य नेताओं के साथ निर्वाची पदाधिकारी के साथ जाकर अपना नामांकन वापस ले लिया. इस दौरान उन्होंने कहा कि हमने आलाकमान के निर्देश के आलोक में अपना नाम अब वापस ले लिया है और अन्य घटक दलों के कार्यकर्ताओं के साथ मिलकर प्राणपुर सीट पर राजद प्रत्याशी इशरत परवीन के पक्ष में चुनाव प्रचार करेंगे. उन्होंने कहा कि हमारी प्राथमिकता महागठबंधन की जीत सुनिश्चित करना है जिसके लिए हम सब एकजुट हैं.
दूसरी तरफ मधुबनी के बाबूबरही सीट पर भी VIP उम्मीदवार बिंदु गुलाब यादव चुनाव मैदान से पीछे हट गई है. उन्होंने भी गुरुवार को अपना नामांकन वापस ले लिया. इस सीट पर VIP के साथ ही RJD के अरुण सिंह भी चुनाव मैदान में थे. ऐसे में प्राणपुर और बाबूबरही सीट पर फ्रेंडली फाइट की स्थिति खत्म हो गई है और दोनों ही जगहों पर महागठबंधन से एक ही उम्मीदवार मैदान में बचे हैं.


