रांची : झारखंड में जारी मतदाता सूची के गहन पुनरीक्षण अभियान के दौरान जमशेदपुर में पिछले दिनों 3 अफ़गानी नागरिकों के मिलने के बाद अब गढ़वा में ईरानी मूल के परिवारों से जुड़ा एक नया और संवेदनशील मामला सामने आया है. गढ़वा नगर परिषद क्षेत्र स्थित वार्ड नंबर 1 और 3 स्थित सोनपुरवा मोहल्ला, रेलवे लाइन पार में रहने वाले ईरानी मूल के परिवारों के नाम एसआईआर के दौरान मतदाता सूची में सामने आए हैं.
इसे भी पढ़ें : 18वें BRICS शिखर सम्मेलन में ‘नई दिल्ली घोषणापत्र’ पर बनी वैश्विक सहमति से भारत ने रचा इतिहास : सम्राट चौधरी
बताया जा रहा है कि इस खुलासे के बाद मतदाता सूची में नाम शामिल होने की प्रक्रिया की जांच शुरू हो गई है, वहीं यह भी जांच हो रही है कि ईरानी मूल के इन परिवारों को केंद्र या राज्य सरकार की किसी योजना का लाभ तो नहीं मिला है. बताया जा रहा है कि शनिवार को अंचल कार्यालय की टीम ने सोनपुरवा मोहल्ले में पहुंच संबंधित परिवारों के जमीन दस्तावेजों की पड़ताल की.
इस दौरान न केवल रजिस्ट्री के जरिए जमीन खरीदने की जानकारी मिली, बल्कि इन जमीनों पर मकान बने होने व उनका म्यूटेशन होने और नियमित रूप से सरकारी रसीद के कटने की भी बात सामने आई. फिलहाल इन ईरानी परिवारों को लेकर प्रशासन की जांच जारी है. प्रशासन अब इस बात की तहकीकात में जुटा है कि इन नागरिकों की वास्तविक नागरिकता की स्थिति क्या है और किन परिस्थितियों में इन्हें मतदाता सूची व अन्य सरकारी योजनाओं से जोड़ा गया.


