न्यूज डेस्क: बोकारो तेनुघाट पेटरवार थाना क्षेत्र के चटनियाबागी निवासी अंसारी राजू हकीम मोहम्मद के मोबाइल पर बिना किसी ओटीपी और बिना कोई लिंक दबाए 2 बार में खाते 1 लाख 92 हजार की निकासी हो गई. जिसके बाद उसके मोबाइल पर रुपये निकलने का कोई मैसेज भी नहीं आया. जब वह अपने खाते से पैसे निकालने बैंक गया, तो उसे पता चला की उसके खाते से 1 लाख 92 रुपये निकाले गए है.
Highlights:
Air Now के व्हॉट्सऐप चैनल से जुड़ने के लिए यहां क्लिक करें:-
अधिकारियों को कार्रवाई का आदेश
राजू ने पहले बैंक से अनुरोध किया और सभी तरह के ट्रांजेक्शन पर रोक लगवाई और फिर 13 जून को आवेदन लेकर प्राथमिकी दर्ज कराने स्थानीय थाना पहुंचा. जहां उसे 4 दिन बाद आवेदन ले कर थाना आने को कहा गया. बैंक की ओर से कार्रवाई करने की बात कही और थाना से एफआईआर नंबर की मांग की. परेशान होकर पीड़ित राजू 18 जून गुरुवार को सेक्टर वन स्थित साइबर थाना पहुंचा और अपनी आपबीती इंस्पेक्टर अनिल कच्छप को सुनायी. जिसके बाद इंस्पेक्टर ने साइबर सेल के पुलिस अधिकारियों को तत्काल कार्रवाई करने का आदेश दिया.
इसे भी पढ़े: झारखंड से राज्यसभा चुनाव में निर्दलीय उम्मीदवार परिमल नाथवाणी जीते, जेएमएम के वैद्यनाथ राम भी जीते
मेहनत की कमाई उठ गई
पीड़ित राजू महाराष्ट्र के थाणे जिला में फूड डिलिवरी का काम करता है. उसने काफी मेहनत से पैसे जमा किए थे, ताकि वह घर परिवार चला सके. फिलहाल वह बोकारो स्थित अपने घर चटनियाबागी आया हैं. उसने कहा कि वह 13 जून को बैंक पैसे निकालने गया था. जहां पता चला कि 9 जून उसके खाते से 94 हजार अमीना के खाते में ट्रांजेक्शन हुए और 10 जून 98 हजार कनुभाई प्रजापति के खाते में ट्रांजेक्शन किए गए. यूपीआई के द्वारा खाते से 1 लाख 92 हजार दूसरे 2 बैंक खातों में भेजे गए. सभी स्थानों पर ऑनलाइन शिकायत दर्ज करने के बाद थाना में आवेदन दिया गया.
साइबर इंस्पेक्टर ने कहा
इस मामले को लेकर साइबर थाना इंस्पेक्टर अनिल कच्छप ने कहा कि भुक्तभोगी की शिकायत सुनी गई और तकनीकी तरीके से त्वरित कार्रवाई शुरू की गई. लोगों को मोबाइल चलाते समय सावधान रहने की जरूरत है. वहीं मोबाइल से वित्तीय लेन-देन की जानकारी किसी से साझा न करें और किसी के समक्ष दिखाकर डिजिटल लेन-देन न करें.




