रांची : बीते 12 अप्रैल को झारखंड के विभिन्न जिलों में हुए उत्पाद सिपाही भर्ती परीक्षा में कथित पेपर लीक कराने वाले सॉल्वर गैग से जुड़े 60 से ज्यादा अभ्यर्थियों की बेल याचिका पर शनिवार को होने वाली सुनवाई टल गई है। इन अभ्यर्थियों को पेपर के ठीक पहले यानी 11 अप्रैल की रात एक सौ से अधिक अन्य अभ्यर्थियों व साल्वर गैग के सदस्यों के साथ गिरफ्तार कर जेल भेजा गया था।
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पुलिस ने केस डायरी नहीं सौंपा
शनिवार को सिविल कोर्ट में अपर न्याययुक्त योगेश कुमार की अदालत में सुनवाई हुई. इस दौरान पुलिस कोर्ट के समक्ष केस डायरी प्रस्तुत नहीं कर पाई जिसके बाद कोर्ट ने पुलिस को अगली सुनवाई में केस डायरी पेश करने का निर्देश देते हुए मामले की विस्तृत सुनवाई के लिए 29 अप्रेल की तारीख निर्धारित की है. बता दें कि पिछली सुनवाई के दौरान अदालत ने पुलिस को केस डायरी प्रस्तुत करने का निर्देश देते हुए मामले में सुनवाई की तारीख 25 अप्रैल निर्धारित की थी।
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क्या है मामला
रांची पुलिस ने पिछले दिनों उत्पाद सिपाही परीक्षा से पहले धांधली की आशंका के बाद तमाड में छापेमारी की थी.इस दौरान उत्पाद सिपाही परीक्षा में धांधली करने की योजना बना रहे बड़े गिरोह का पर्दाफाश किया था. इस कार्रवाई में कुल 164 आरोपियों को हिरासत में लिया गया था.अबतक की जांच में यह बात सामने आया है, कि इस गिरोह में अतुल वत्स, विकास कुमार, शेर सिंह, आशीष कुमार और योगेश प्रसाद के नाम शामिल हैं. इस केस में अब तक 7 महिलाओं की संलिप्तता की पुष्टि हो चुकी है. इस पूरे धांधली के खिलाफ तमाड़ थाना में कांड संख्या 21/2026 के तहत प्राथमिकी (FIR) दर्ज की गई है.


