झारखंड : झारखंड में भारतीय जनता पार्टी को जल्द ही नया प्रदेश अध्यक्ष मिलने वाला है। राज्यसभा सांसद आदित्य साहू ने सोमवार को झारखंड भाजपा अध्यक्ष पद के लिए औपचारिक रूप से अपना नामांकन दाखिल किया। नामांकन के दौरान पार्टी के कई बड़े नेताओं की मौजूदगी ने यह साफ कर दिया कि संगठन के भीतर उनके नाम पर लगभग सहमति बन चुकी है। नामांकन प्रक्रिया के समय नेता प्रतिपक्ष बाबूलाल मरांडी, सांसद बिद्युत बरण महतो, पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा और केंद्रीय मंत्री अन्नपूर्णा देवी समेत कई वरिष्ठ नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे। सभी नेताओं की सामूहिक उपस्थिति ने पार्टी में एकजुटता और अनुशासन का संदेश दिया।
पार्टी सूत्रों के अनुसार, इस बार प्रदेश अध्यक्ष के चयन को लेकर किसी तरह का विवाद या मतभेद नहीं है। भाजपा ने अपनी परंपरा के अनुसार सहमति आधारित चयन प्रक्रिया को अपनाया है, इसी वजह से प्रदेश अध्यक्ष पद के लिए केवल एक ही नामांकन कराया गया। सिंगल नामांकन यह संकेत देता है कि नेतृत्व पूरी तरह एक नाम पर सहमत है।
भाजपा नेतृत्व का मानना है कि संगठन को मजबूत करने और आने वाले राजनीतिक मुकाबलों के लिए एकजुट और अनुभवी नेतृत्व जरूरी है। इसी सोच के तहत प्रदेश अध्यक्ष पद के लिए एक ही उम्मीदवार को आगे बढ़ाया गया है। पार्टी सूत्रों का कहना है कि नामांकन प्रक्रिया पूरी होने के बाद 14 जनवरी तक नए प्रदेश अध्यक्ष के नाम की औपचारिक घोषणा कर दी जाएगी। मौजूदा हालात और नेताओं के समर्थन को देखते हुए यह लगभग तय माना जा रहा है कि आदित्य साहू ही झारखंड भाजपा के अगले प्रदेश अध्यक्ष होंगे।
राज्यसभा सांसद आदित्य साहू को संगठनात्मक कार्यों का अच्छा अनुभव है। पार्टी के वरिष्ठ नेताओं को उम्मीद है कि उनके नेतृत्व में झारखंड भाजपा को नई ऊर्जा मिलेगी और संगठन को जमीनी स्तर पर और मजबूती मिलेगी। आने वाले विधानसभा और लोकसभा चुनावों को देखते हुए इस चयन को भाजपा रणनीतिक रूप से बेहद अहम मान रही है।


