नई दिल्ली : प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी 7 और 8 फरवरी को मलेशिया के आधिकारिक दौरे पर रहेंगे। इस दौरान वह मलेशियाई प्रधानमंत्री अनवर इब्राहीम के साथ द्विपक्षीय वार्ता करेंगे। बातचीत में रक्षा, व्यापार, निवेश और रणनीतिक सहयोग जैसे अहम मुद्दों पर चर्चा होगी। यह दौरा भारत-मलेशिया संबंधों को और मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
Highlights:
भारतीय प्रवासियों की ओर से ऐतिहासिक स्वागत की तैयारी
प्रधानमंत्री मोदी के स्वागत के लिए मलेशिया में भारतीय प्रवासी समुदाय भव्य सांस्कृतिक कार्यक्रम की तैयारी कर रहा है। ‘सेलामत दातांग मोदी जी’ नामक इस सामुदायिक स्वागत समारोह में 800 से अधिक कलाकार एक साथ नृत्य प्रस्तुति देंगे। आयोजकों का दावा है कि यह भारतीय शास्त्रीय और लोक नृत्य शैलियों का सबसे बड़ा सामूहिक नृत्य प्रदर्शन होगा, जिससे मलेशियाई बुक ऑफ रिकॉर्ड्स में नाम दर्ज कराने का लक्ष्य है।
भारतीय नृत्य परंपराओं का संगम
करीब पांच मिनट तक चलने वाले इस नृत्य में भरतनाट्यम, ओडिसी, कथक, कथकली, मोहिनियाट्टम और कुचिपुड़ी जैसी शास्त्रीय शैलियों के साथ यक्षगान, लावणी, पंजाबी, राजस्थानी, बिहू, ओडिया और तमिल लोक नृत्य शामिल होंगे। इस कार्यक्रम में लगभग 15 हजार लोगों की भीड़ के शामिल होने की उम्मीद है, जिसे पीएम मोदी और पीएम अनवर इब्राहीम संबोधित करेंगे।
रक्षा और व्यापार सहयोग पर रहेगा फोकस
विदेश मंत्रालय के अनुसार, इस दौरे में रक्षा क्षेत्र में सहयोग के नए अवसरों पर चर्चा होगी। इसमें डार्नियर विमान की बिक्री, स्कॉर्पीन पनडुब्बियों और एसयू-30 लड़ाकू विमानों के रखरखाव जैसे विषय शामिल हैं। इसके अलावा प्रधानमंत्री मोदी मलेशिया में भारतीय प्रवासियों और व्यापार प्रतिनिधियों से भी संवाद करेंगे।
भारत-मलेशिया रिश्तों को नई गति
यह प्रधानमंत्री मोदी का तीसरा मलेशिया दौरा है और अगस्त 2024 में संबंधों को ‘व्यापक रणनीतिक साझेदारी’ का दर्जा मिलने के बाद पहला दौरा है। मलेशिया भारत के लिए आसियान और इंडो-पैसिफिक क्षेत्र में एक अहम साझेदार और एक्ट ईस्ट नीति का प्रमुख स्तंभ है।


