Thursday, July 23, 2026

जैक लेगी 8वीं, 9वीं, 11वीं की लिखित परीक्षा : 2026 से होगी शुरूआत

झारखंड : झारखंड राज्य में आठवीं, नौवीं, और 11वीं की परीक्षा अब झारखंड एकेडमिक काउंसिल ही लेगा। पहले ये परिक्षा ओएमआर शीट में ली जाती थी, लेकिन 2026 में यह परीक्षा लिखित रूप में ली जाएगी। इस परीक्षा में ऑब्जेक्टिव, लघु उत्तरीय और दीर्ध उत्तरीय प्रश्न पूछे जाएंगे। यह निर्णय जैक की बोर्ड बैठक में लिया गया । पिछले कुछ दिनों से चर्चा चल रही थी कि यह परीक्ष जेसीईआरटी से कराने थी।

बैठक में शामिल लोग

जैक की बोर्ड बैठक में आलोक सोरेन, नागेन्द्र, विधायक मथुरा महतो, मो. सिराजुद्दीन , जैक सदस्य डॉ. प्रसाद पासवान, अजय कुमार गुप्ता , अरूण महतो, मो. अली अराफात आदि लोग शामिल थे। बैठक में शामिल लोगों ने इस पर आपत्ति जताई। 2001 की नियमावली के अनुसार जैक को ही अधिकार है कि वो वोट संबंधी परीक्षा ले,  किसी दूसरी  संस्था को यह परीक्षा नहीं लेनी चाहिए। बैठक में शामिल सदस्यों ने भी इसपर हामी भरी।

मुख्यमंत्री का सवाल 

जैक अध्यक्ष डॉ. नटवा हांसदा समेत सभी सदस्य सीएम से मिलने प्रोजेक्ट भवन पहुंचे जब बैठक में यह प्रस्ताव पास हुआ। मुख्यमंत्री के समक्ष जब यह बात रखी गई तो उन्होनें इसपर नाराजगी जताई, और जैक से पूछा कि 8वीं, 9वीं,11वीं की परीक्षा जब पहले जैक बोर्ड ही लेती थी तो इसमें क्या दिक्कत आ रही है।

वर्कलोड का रखा गया था प्रस्ताव

शिक्षा सचिव ने मुख्य सचिव के माध्यम से बात की, इसके बाद यह पता चला कि जैक के ही एक अधिकारी ने वर्कलोड की बात के लिए प्रस्ताव दिया  था, जिसके बाद पहले की तरह ही परीक्षा लेनी का निर्देश दिया गया।

सरकार का कहना ही माना जाएगा

मुख्यमंत्री से मिलने के बाद 8वीं, 9वीं, 11वीं की परीक्षा को जैक से हटाने का जो दुष्प्रयास किए जाने  की बात जैक अध्यक्ष डॉ. नटवा हांसदा ने की । उनका यह भी कहना था कि हमारे पदाधिकारी के द्वारा ही ये गलत संदेश दिया गया था, और जैसे की पहले भी जैक ही ये परीक्षा लेते आई है। जैक समक्ष है और ये परीक्षा वो हमेशा लेती आई है। जो निर्देश सरकार का होगा वहीं पालन किया जाएगा और जैक परीक्षा लेगा।

अगर जैक परीक्षा नहीं ली, तो हो सकता है विरोध 

मुख्य सचिव ने शिक्षा सचिव से बात की और उन्हें कहा कि वो सबकों साथ लेकर चलें और एकतरफा फैसला न लें। जैक ही 8वीं, 9वीं और 11वीं की परीक्षा लेगा। अगर  जैक की परीक्षा की जगह जेईपीसी या जेसीईऐरटी को 8वीं, 9वीं और 11वीं की बोर्ड परीक्षा लेने का निर्णय लिया जाता है तो मोर्चा इसका सड़क से लेकर सदन तक विरोध करेगी। ऐसा वित्तरहित शिक्षा संयुक्त संर्घष मोर्चा के रघुनाथ सिंह, हरिहर प्रसाद कुशवाहा, कुंदन सिंह, अरविंद सिंह, मनीष कुमार ने कहा।

spot_img

एयर नाऊ स्पेशल

देश का एआई हब बनने की तैयारी कर रहा...

न्यूज़ डेस्क : झारखंड. ये नाम सुनते ही दिमाग में सबसे पहले क्या आता है? कोयला, लोहे की खदानें, मिनरल्स या शायद आदिवासी संस्कृति....
- Advertisement -spot_img

सोशल मीडिया

25,000FansLike
40,000FollowersFollow
500FollowersFollow
113,000SubscribersSubscribe
- Advertisement -spot_img

ट्रेंडिंग ख़बर