Highlights:
नई दिल्ली : देश भर में एक बड़ा साइबर फ्रॉड सामने आया है जिसने नागरिकों को सीधे तौर पर ठगी का शिकार बनाया है। प्रशासन के संज्ञान में आया है कि साइबर ठगों ने भारत सरकार के आधिकारिक जन्म एवं मृत्यु पंजीकरण पोर्टल (CRSORG) की हूबहू नकल कर कई फर्जी वेबसाइट्स बना ली हैं। इन अनधिकृत वेबसाइटों के माध्यम से नागरिकों से पैसे वसूले जा रहे हैं और अवैध, नकली जन्म एवं मृत्यु प्रमाणपत्र जारी किए जा रहे हैं, जिनकी कोई कानूनी मान्यता नहीं है।
प्रशासन ने स्पष्ट चेतावनी जारी की है कि ये फर्जी वेबसाइट्स किसी भी सरकारी निकाय – चाहे वह केंद्र हो, राज्य हो, या कोई नगर निगम – से संबद्ध नहीं हैं और इनका उपयोग गंभीर साइबर धोखाधड़ी का हिस्सा हो सकता है।
नकली वेबसाइट्स की पहचान: नाम में ‘CRS’ और ‘gov.in’ की नकल
फर्जी वेबसाइट्स सरकारी डोमेन https://dc.crsorgi.gov.in/ की नक़ल कर नागरिकों को भ्रमित कर रही हैं। उदाहरण के लिए, कुछ अनधिकृत वेबसाइट्स (जो अब तक सामने आई हैं) के नाम ऐसे हैं:
http://crsorgi.gov.in.jhgrow.org
http://crsorgi.gov.in.jhgrow.org/login.php
http://dc.crsorgi.gov.in.web.index.php.viewcert.co.in/login.php
http://crsorgi.goovi.in/login.php
http://crsorgi.gov.in.web.lndex.click/index.php
http://crsorgigoovi.xyz/web/index.php/auth/login.php
http://dc-crsorgi-gov-in.gov-crs.info/general-public
http://dc.crsorgi.gov.in.arbajft.in/crs/home/
http://dc.crsorgi.gov.in.index.view.certificate.mehbulps.shop/login.php
http://crsorgi.gov.in.web.index.birthcetficate.co/dr_login.php
http://crsorgi.gov.in.web.index.php.auth.birthcetficate.co/web/index.php/auth/logyes.php
(उपरोक्त सूची केवल उदाहरणार्थ है। भविष्य में ऐसे और भी डोमेन सामने आ सकते हैं। नागरिक स्वयं सतर्क रहें।)
चेतावनी: प्रशासन ने नागरिकों को सावधान किया है कि भविष्य में ऐसे कई अन्य डोमेन भी सामने आ सकते हैं।
प्रमाणपत्र की सत्यता कैसे जांचें?
किसी भी प्रमाणपत्र की सत्यता की जाँच करना अब बेहद आसान है। प्रशासन ने नागरिकों को वैध प्रमाणपत्र पहचानने का एक सरल तरीका बताया है:
QR कोड स्कैन करें: प्रमाणपत्र पर उपलब्ध QR कोड को अपने मोबाइल से स्कैन करें।
वेबसाइट जाँचें: QR कोड स्कैन करने के बाद, यदि आप केवल और केवल भारत सरकार के आधिकारिक पोर्टल https://dc.crsorgi.gov.in/ पर रीडायरेक्ट होते हैं, तभी आपका प्रमाणपत्र वैध माना जाएगा।
नकली की पहचान: यदि स्कैन करने पर कोई अन्य वेबसाइट खुलती है, कोई लिंक नहीं खुलता है, या पेज एरर आता है, तो वह प्रमाणपत्र नकली है।
नकली प्रमाणपत्र बनवाना या प्रस्तुत करना गंभीर अपराध
प्रशासन ने सख्त चेतावनी दी है कि नकली प्रमाणपत्र बनाना या प्रस्तुत करना भारतीय दंड संहिता (IPC) और सूचना प्रौद्योगिकी अधिनियम (IT Act) के तहत एक दंडनीय अपराध है। दोषी पाए जाने पर कानूनी कार्रवाई, प्रमाणपत्र निरस्तीकरण और भारी आर्थिक दंड लागू किए जा सकते हैं।


