जम्मू : जम्मू-कश्मीर में लगातार हो रही भारी बर्फबारी ने जनजीवन पूरी तरह से प्रभावित कर दिया है। शुक्रवार को हुई तेज स्नोफॉल के बाद कई इलाकों में हालात गंभीर बने हुए हैं। खराब मौसम को देखते हुए प्रशासन ने कई प्रमुख सड़कों को यातायात के लिए बंद कर दिया है, वहीं छह जिलों में हिमस्खलन का अलर्ट भी जारी किया गया है। जम्मू के पटनीटॉप, नथाटॉप, सनासर, बाटोटे, बनिहाल, गुल और आसपास के पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार दूसरे दिन भारी बर्फबारी हुई। रामबन जिले के बाटोटे में रास्ते बंद होने और ग्राहकों की आवाजाही न होने के कारण कई दुकानदारों ने लगातार दूसरे दिन भी अपनी दुकानें नहीं खोलीं।
Highlights:
20 घंटे बाद भी बिजली बहाल
बारिश और बर्फबारी का असर बिजली और पानी की आपूर्ति पर भी पड़ा है। जम्मू संभाग में कई इलाकों में 20 घंटे बाद भी बिजली बहाल नहीं हो सकी। जम्मू पावर डिस्ट्रीब्यूशन कॉरपोरेशन लिमिटेड के अनुसार अभी तक केवल 52 प्रतिशत बिजली आपूर्ति ही बहाल हो पाई है। अधिकारियों का कहना है कि अगले 24 घंटों में हालात सामान्य होने की उम्मीद है। हो रहे भारी बर्फबारी के चलते बिजली की मांग भी तेजी से गिरकर 140 मेगावाट तक पहुंच गई, जबकि सामान्य लोड करीब 1070 मेगावाट रहता है।
पिछले दो दिनों से यहां फंसे हुए हैं पर्यटक
कटड़ा में भारी बारिश और बर्फबारी के कारण वैष्णो देवी यात्रा को भी अस्थायी रूप से निलंबित करना पड़ा। वहीं, बॉर्डर रोड ऑर्गनाइजेशन सोनमर्ग, कुल्लन और गागांगीर में बर्फ हटाने का काम लगातार कर रहा है। अनंतनाग में भारी बर्फबारी के चलते जम्मू-श्रीनगर नेशनल हाईवे बंद है, जिससे सैकड़ों पर्यटक फंस गए हैं।
पंजाब के पटियाला से आए एक पर्यटक ने बताया कि वे पिछले दो दिनों से यहां फंसे हुए हैं और जल्द घर लौटना चाहते हैं। प्रशासन ने लोगों को सलाह दी है कि मुगल रोड, एसएसजी रोड और सिंथन रोड पर यात्रा न करें, जब तक सड़कें सुरक्षित घोषित न कर दी जाएं। वहीं, भारी बर्फ जमने के कारण श्रीनगर एयरपोर्ट पर कुछ उड़ानें रद्द करनी पड़ीं।


