नई दिल्ली : दिल्ली के पूर्व सीएम अरविंद केजरीवाल के शराब नीति से जुड़े कथित भ्रष्टाचार मामले में अदालत से बरी होने पर सामाजिक कार्यकर्ता अन्ना हज़ारे का बयान आया है. अन्ना हज़ारे ने मीडिया से मुख़ातिब होते हुए कहा, “मैंने कोर्ट के फ़ैसले से पहले अरविंद केजरीवाल के बारे में बयान दिया था. अब कोर्ट का फ़ैसला आ गया है.अब कोर्ट ने अपना फ़ैसला दिया है कि अरविंद केजरीवाल दोषी नहीं हैं, तो इसे मानना ही होगा.”
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हज़ारे से पूछा गया कि आप केजरीवाल को क्या सलाह देना चाहेंगे? इस पर उन्होंने जवाब दिया, “अरविंद केजरीवाल और मनीष सीसोदिया मेरे पुराने कार्यकर्ता हैं. समाज और देश के भले के लिए जो कुछ कर सकते हैं वो करें. अपने बारे में या पार्टी के बारे में मत सोचो. देश के लिए कई लोगों ने क़ुर्बानी दी है, उसको याद रखना.”
अन्ना हज़ारे ने कहा, “हमारा देश अपनी न्याय व्यवस्था और सुरक्षा व्यवस्था की ताक़त पर चलता है. इतनी बड़ी आबादी और अलग-अलग पार्टियों, जातियों, धर्मों और समुदायों के बावजूद यह व्यवस्था ठीक से चलती है, क्योंकि हमारे पास न्यायपालिका है. अगर यह न होती तो देश में अव्यवस्था और अशांति फैल जाती.”
प्रेस कांफ्रेंस में बोले अरविंद केजरीवाल
इससे पहले दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री और आम आदमी पार्टी के संयोजक अरविंद केजरीवाल ने शराब नीति से जुड़े कथित भ्रष्टाचार मामले में बरी होने के बाद प्रेस कॉन्फ़्रेंस की. इसमें उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह पर साज़िश रचने के आरोप लगाए. पूर्व सीएम केजरीवाल ने कहा, “मैं प्रधानमंत्री मोदी को चुनौती देता हूं कि दिल्ली में दोबारा चुनाव करवाकर दिखाएं. यदि बीजेपी की 10 से ज़्यादा सीट आ जाएं तो मैं राजनीति छोड़ दूंगा.”
केजरीवाल ने कहा “पिछले चार साल से ईडी, सीबीआई और दूसरी एजेंसियों के इस्तेमाल से हमारे ऊपर कथित शराब घोटाले का आरोप लगाया गया. सीबीआई और ईडी ने इस मामले में चार्जशीट दाख़िल की. अभी ट्रायल शुरू भी नहीं हुआ था. कोर्ट को सिर्फ़ यह देखना था कि ट्रायल आगे बढ़ाने के लिए पर्याप्त सामग्री है या नहीं. कोर्ट ने कहा ऐसा एक भी सबूत नहीं है जिसके आधार पर ट्रायल चलाया जा सके.”
उन्होंने आरोप लगाया, “यह पूरा षड्यंत्र दो लोगों ने मिलकर रचा. प्रधानमंत्री मोदी और अमित शाह ने मिलकर आम आदमी पार्टी को ख़त्म करने की साज़िश रची. आज उन्हें देश से माफ़ी मांगनी चाहिए. मैंने सिर्फ़ ईमानदारी कमाई है, पैसा नहीं.”

