झारखंड : भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष और केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जे.पी. नड्डा शुक्रवार की रात देवघर पहुंचे।शनिवार सुबह बाबा बैद्यनाथ धाम में पूजा-अर्चना की। देवघर में पार्टी कार्यालय का उद्घाटन हुआ। कार्यकर्ताओं और नेताओं को संबोधित किया। एम्स में आयोजित बैठक में शामिल हुए। शुक्रवार की रात एयरपोर्ट पर पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं ने उनका जोरदार स्वागत किया।
Highlights:
स्वागत के बाद वे सीधे परिसदन पहुंचे, जहां थोड़े विश्राम के बाद देर रात महत्वपूर्ण बैठक हुई। परिसदन में आयोजित बैठक में सिर्फ चुनिंदा वरिष्ठ नेताओं और कोर कमेटी के सदस्यों को शामिल होने दिया गया। बैठक पूरी तरह बंद कमरे में हुई, जिसमें झारखंड की राजनीतिक स्थिति, संगठन की मजबूती और भविष्य की रणनीति पर गहन चर्चा की गई। जेपी नड्डा रात को परिसदन में ठहरे।
क्या हुई बैठक में चर्चा?
पार्टी सूत्रों के अनुसार संगठन को ग्रासरूट स्तर पर और मजबूत करने पर जोर दिया गया। प्रदेश के अलग-अलग जिलों में कार्यकर्ताओं की सक्रियता बढ़ाने की रणनीति बनी। हाल के दिनों में झारखंड में बढ़ी राजनीतिक हलचल पर भी चर्चा की गई। बिहार विधानसभा चुनाव में एनडीए की बड़ी जीत के बाद झारखंड को भी प्रमुख राजनीतिक केंद्र बनाने की संभावनाओं पर विचार हुआ। हालांकि, आधिकारिक तौर पर बैठक की विस्तृत जानकारी साझा नहीं की गई है।
नेताओं ने क्या कहा?
पूर्व मुख्यमंत्री चंपई सोरेन ने बताया कि बैठक में संगठन को लेकर ही चर्चा हुई है। उन्होंने कहा यह संगठन की नियमित समीक्षा बैठक थी। पदाधिकारियों की भूमिका, पार्टी की गतिविधियों और भविष्य की योजनाओं पर बात हुई। इसके अलावा किसी राजनीतिक मुद्दे पर खास चर्चा नहीं की गई। बैठक में पूर्व मुख्यमंत्री अर्जुन मुंडा, बाबूलाल मरांडी, चंपई सोरेन, मधु कोड़ा, अनंत ओझा सहित कई वरिष्ठ नेता मौजूद रहे।
जेपी नड्डा का यह दौरा ऐसे समय में हुआ है, जब झारखंड में राजनीतिक गतिविधि तेजी से बढ़ी है। राज्य में कई दलों ने चुनावी तैयारियां शुरू कर दी हैं। भाजपा भी संगठन को सक्रिय करने और मजबूत नेटवर्क खड़ा करने में जुटी है। नड्डा की बैठक को 2026 विधानसभा चुनाव की प्रारंभिक रणनीति से जोड़कर देखा जा रहा है। देवघर में नड्डा का यह दौरा भाजपा कार्यकर्ताओं में उत्साह भरने और संगठन को और सक्रिय बनाने की दिशा में महत्वपूर्ण माना जा रहा है।


