रांची :कुख्यात गैंगस्टर प्रिंस खान और सुजीत सिन्हा ने हाथ मिला लिया है। दोनों गैंग के जुड़ने के बाद रांची समेत राज्य के कई जिलों में रंगदारी के लिए गोलीबारी और धमकी देने की घटनाएं बढ़ गई हैं। इससे व्यापारियों और ट्रांसपोर्टरों में दहशत का माहौल है।
पुलिस की कार्रवाई में आधा दर्जन गुर्गे गिरफ्तार
पुलिस ने अपराध के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए पिछले एक सप्ताह में सुजीत सिन्हा और प्रिंस खान गिरोह के लगभग आधा दर्जन गुर्गों को हथियारों के साथ गिरफ्तार किया है। सभी को जेल भेज दिया गया है। पकड़े गए अपराधियों से पूछताछ में पुलिस को कई अहम जानकारियां मिली हैं।
पाकिस्तान से हथियार सप्लाई का खुलासा
गिरफ्तार गुर्गों ने पुलिस को बताया कि गैंग को हथियारों की सप्लाई पाकिस्तान से हो रही है। जांच में सामने आया है कि पाकिस्तान में बैठे ‘पठान’ नाम के एक शख्स से प्रिंस खान लगातार सुरक्षित लाइन (सिक्योर लाइन) पर संपर्क में रहता है। गैंग को जिन हथियारों की जरूरत होती है, उसकी जानकारी प्रिंस खान पठान को देता है।
दुबई और अन्य देशों से भेजा जाता है पैसा
हथियारों की डील फाइनल होने के बाद प्रिंस खान के लिए काम करने वाले लोग दुबई और अन्य देशों से पाकिस्तान में बैठे पठान को पैसा भेजते हैं। पैसे की अदायगी के बाद पठान सरहद पार से ड्रोन और अन्य माध्यमों से हथियार भारतीय सीमा में भिजवाता है।
सीमावर्ती हैंडलर पहुंचाते हैं हथियार
भारतीय सीमा में आने के बाद सीमावर्ती इलाकों में मौजूद हैंडलर इन हथियारों को प्रिंस खान और सुजीत सिन्हा के गुर्गों तक पहुंचाते हैं। इन्हीं हथियारों का इस्तेमाल रंगदारी वसूली, गोलीबारी और धमकी देने जैसी वारदातों में किया जाता है।
केंद्रीय जांच एजेंसियां भी हुईं सक्रिय
दोनों गैंग के पाकिस्तान कनेक्शन सामने आने के बाद अब केंद्रीय जांच एजेंसियां भी अलर्ट हो गई हैं। राज्य पुलिस के साथ मिलकर एजेंसियां पूरे नेटवर्क की जांच में जुटी हैं। माना जा रहा है कि जल्द ही इस गैंग और इसके विदेशी नेटवर्क के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की जा सकती है।


