रांची: रांची रेल मंडल के सभी रेलवे स्टेशनों पर शुक्रवार को ‘रेल जन संवाद-2026’ का आयोजन किया गया। इसका उद्देश्य यात्रियों से सीधे बातचीत के उनकी समस्याओं, जरूरतों और सुझावों को समझना था। रांची रेलवे स्टेशन पर DRM यानी रेल मंडल प्रबंधक करुणानिधि सिंह ने निरीक्षण किया और यात्रियों से उनकी समस्याओं पर बात की। उन्होंने रांची रेलवे स्टेशन के अनारक्षित टिकट काउंटर यानी General Ticket Counter, सामान्य और उच्च श्रेणी के प्रतीक्षालय यानी AC Waiting Rooms, प्लेटफॉर्म और शौचालयों का जायजा लिया। इस दौरान उन्होंने वहां मौजूद यात्रियों से सीधे संवाद किया और उनकी यात्रा के अनुभवों व परेशानियों के बारे में पूछा। भुवनेश्वर और धनबाद से आने वाले यात्रियों ने ट्रेनों का समय सुधारने और ट्रेनों के लेट होने की समस्या को दूर करने की मांग रखी।
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यात्रियों ने रेलवे को दिए जरूरी सुझाव और मांगें
रेल जन संवाद कार्यक्रम में यात्रियों ने रेलवे को कई जरूरी सुझाव और मांगें दीं। उन्होंने कहा कि जनरल टिकट ट्रेन छूटने से 6 से 8 घंटे पहले मिलने चाहिए और रिजर्वेशन की बुकिंग का समय 2 महीने से बढ़ाकर 3 महीने किया जाना चाहिए। यात्रियों ने प्लेटफॉर्म के शौचालयों की रोज सफाई कराने, खराब नल ठीक करने और वेटिंग हॉल बड़े करने की मांग की। इसके साथ ही उन्होंने ट्रेनों को समय पर चलाने और स्टेशनों पर सस्ता व अच्छा खाना देने की बात भी रखी। हालांकि, उन्होंने स्टेशन परिसर की सफाई व्यवस्था पर खुशी जताई।
दीपावली और छठ पर चलेंगी स्पेशल ट्रेनें
दीपावली और छठ पूजा के दौरान यात्रियों की संख्या देखते हुए रांची रेल मंडल तीन पूजा स्पेशल ट्रेनें चलाने की योजना बना रही है। DRM करुणानिधि सिंह ने बताया कि रांची-गोरखपुर, रांची-बनारस और रांची-जयनगर के बीच स्पेशल ट्रेनें चलाई जाएंगी। उन्होंने ये भी बताया कि आम दिनों की तुलना में दिवाली और छठ पूजा के दौरान रोज 20 से 25 हजार यात्रियों की संख्या बढ़ जाती है। इसी को मद्दे नजर रखते हुए यात्रियों के स्टेशन आने-जाने और ट्रेनों तक पहुंचने के लिए व्यवस्थित इंतजाम किए जा रहे हैं।
भीड़ संभालने के लिए बनेगा नया नियम
रांची रेलवे स्टेशन पर भीड़ को संभालने के लिए एक नया नियम बनाया जा रहा है। अब फूड प्लाजा के पास से बाहर निकलने का नया रास्ता बनाया जाएगा। ब भी स्टेशन पर बहुत ज्यादा भीड़ होगी, तो यात्रियों को एक साथ अंदर नहीं जाने दिया जाएगा, बल्कि उन्हें -थोड़े ग्रुप या बैच में अंदर भेजा जाएगा। ऐसा इसलिए किया जा रहा है ताकि स्टेशन के अंदर भगदड़ न मचे और भीड़ आसानी से कंट्रोल में रहे।
शिकायतों और सुझावों के समाधान के लिए बनाई गईं तीन श्रेणियां
DRM ने बताया कि रेल जन संवाद में यात्रियों से मिले सुझावों और शिकायतों को सुलझाने के लिए उन्हें 3 अलग-अलग श्रेणियों में बांटा गया है। पहली श्रेणी में ऐसी समस्याओं को रखा गया है जिन्हें तुरंत ठीक किया जा सकता है और इन पर सबसे पहले काम होगा। दूसरी श्रेणी में वे मामले हैं जिनमें कई विभागों की मदद लेनी होगी, इसलिए इन्हें संबंधित विभागों के पास भेजा जाएगा। तीसरी श्रेणी में लंबी योजनाओं और बड़े नीतिगत फैसले से जुड़े मुद्दे हैं, जिन्हें विचार के लिए उच्च अधिकारियों के पास भेजा जाएगा।

