रांची : धनबाद के बरवाअड्डा थाना प्रभारी संग कथित विवाद मामले में झारखंड पुलिस एसोसिएशन की पांच दिनों में विधायक को गिरफ्तार करने की मांग करने के मामले की डुमरी विधायक जयराम महतो डीजीपी तदाशा मिश्रा से शिकायत करेंगे और थाना परिसर में उनके साथ हुए कथित दुर्व्यवहार पर भी कार्रवाई की मांग करेंगे.
इस संबंध में जयराम महतो ने कहा कि वह किसी भी स्थिति में पुलिस एसोसिएसन को माफीनामा भेजने वाले नहीं हैं. जयराम महतो ने झारखंड पुलिस एसोसिएशन पर पलटवार करते हुए कहा कि इस मामले में गिरफ्तारी की मांग कहां तक सही है. उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में किसी भी ऐसोसिएशन को विधायक की गिरफ्तारी की मांग करने का अधिकार नहीं है.
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डुमरी विधायक ने पुलिस थाना प्रभारियों को लेकर कहा कि थाना प्रभारी जनता के साथ ठीक व्यवहार नहीं करते, आए दिन ऐसी शिकायतें आम है. ट्रैक्टर या वाहन किस्त पर लेने वाले लोगों पर कार्रवाई तथा जुर्माना लगाने का उदाहरण देते हुए कहा कि इससे गरीब परिवारों पर आर्थिक बोझ बढ़ता है.विधायक ने कहा कि यदि उनकी सरकार बनती है तो प्रशासन का ऐसा रवैया बर्दाश्त नहीं किया जाएगा. उन्होंने कहा कि जनता का खून चूसने और गरीबों को परेशान करने की व्यवस्था नहीं चलने दी जाएगी. उन्होंने दलित व्यक्ति को थाने में लाकर पीटने के अधिकार पर भी सवाल उठाया.
जयराम महतो ने कहा कि जिस घटना को लेकर विवाद खड़ा हुआ है, उसमें थाना परिसर में उनके साथ 15-20 लोगों की भीड़ के बीच हूटिंग और धक्कामुक्की हुई. उन्होंने आरोप लगाया कि उन्हें मारने-पीटने की बात भी कही गई. जयराम महतो ने कहा कि वह इस मामले में पुलिस के प्रोटोकॉल के उल्लंघन की शिकायत करेंगे.
वायरल ऑडियो पर जयराम महतो ने कहा कि ऑडियो करीब 11 मिनट का है, लेकिन सार्वजनिक तौर पर केवल उनका पक्ष सामने आया है. उन्होंने दावा किया कि ऑडियो को एडिट कर वायरल किया गया है. उनका कहना है कि पूरे 11 मिनट का ऑडियो सार्वजनिक किया जाना चाहिए, ताकि बातचीत का पूरा संदर्भ सामने आ सके.जयराम महतो ने यह भी स्वीकार किया कि ऑडियो में कुछ शब्द अशोभनीय हैं, जिनका वह समर्थन नहीं करते. हालांकि, उन्होंने कहा कि किसी भी बातचीत के पीछे की परिस्थितियों को भी देखा जाना चाहिए.

