रांची: झारखंड हाईकोर्ट में सोमवार को नगर निगम समेत अन्य नगर निकायों का चुनाव नहीं कराए जाने के मामले में दायर अवमानना याचिका पर सुनवाई हुई. इस दौरान राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से शपथ पत्र और एक सीलबंद रिपोर्ट दाखिल की गई, जिसमें राज्य में निकाय चुनाव कराने की तैयारी के संबंध में 8 सप्ताह का समय लगने की बात कही गई तो वहीं इसके बाद 45 दिनों में चुनाव होने की जानकारी कोर्ट को दी गई. जस्टिस आनंदा सेन की कोर्ट में मामले की सुनवाई हुई.
महाधिवक्ता राजीव रंजन ने हाईकोर्ट को बताया कि निकाय चुनाव को लेकर ओबीसी लिस्ट, सीटों के आरक्षण, जनसंख्या लिस्ट आदि से संबंधित सभी जानकारी और डाटा राज्य निर्वाचन आयोग को उपलब्ध करा दी गई है. ऐसे में अब जब चाहे निर्वाचन आयोग को राज्य में निकाय चुनाव करा सकता है। वहीं राज्य निर्वाचन आयोग ने भी कहा कि राज्य सरकार ने निकाय चुनाव से संबंधित सभी औपचारिकताएं पूरी कर दी है. ऐसे में राज्य निर्वाचन आयोग नोटिफिकेशन जारी कर चुनाव कराने को लेकर अग्रसर कार्रवाई करेगा.
हाईकोर्ट ने मामले की सुनवाई 30 मार्च निर्धारित करते हुए राज्य निर्वाचन आयोग को तय समय सीमा में राज्य में निकाय चुनाव कराने का निर्देश दिया है. प्रार्थी की ओर से अधिवक्ता विनोद कुमार सिंह ने पक्ष रखा, वहीं राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से अधिवक्ता सुमित गाड़ोदिया ने पक्ष रखा. बता दें कि प्रार्थी रौशनी खलखो व रीना कुमारी की ओर से अवमानना याचिका दायर की गयी है.


