न्यूज डेस्क: झारखंड कैडर के भारतीय प्रशासनिक सेवा के 2011 बैच के अधिकारी और रांची के पूर्व डीसी राय महिमापत रे वित्तीय अनियमितता के मामले में घिरते नजर आ रहे हैं. केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर मौजूद राय महिमापत रे साल 2018 से 2020 तक रांची के उपायुक्त रह चुके हैं. उनके खिलाफ जांच एजेंसी एसीबी ने पीई दर्ज किया है. झारखंड सरकार से अनुमति मिलने के बाद उनके खिलाफ मामला दर्ज किया गया है.
मिली जानकारी के अनुसार राय महिमापत रे के खिलाफ वित्तीय अनियमितता की शिकायत एसीबी तक पहुंची थी, उसके बाद मामले की जांच को लेकर एसीबी से राज्य सरकार ने जांच और मामला दर्ज करने की अनुमति मांगी थी. एसीबी इससे पहले अलग-अलग मामलों में आईएएस अधिकारी विनय कुमार चौबे को भी गिरफ्तार कर चुकी है.
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बता दें कि सितंबर 2020 में केंद्रीय प्रतिनियुक्ति पर गये आईएएस अधिकारी राय महिमापत रे रांची के अलावा बोकारो के उपयुक्त और आईटी निदेशक जैसे अहम पदों पर भी अपनी सेवाएं दे चुके हैं. पिछले साल ही उनकी प्रतिनियुक्ति विश्व बैंक में की गई थी. उन्हें विश्व बैंक में सीनियर डिजिटल डेवलपमेंट स्पेशलिस्ट की जिम्मेदारी दी गई थी.

