रांची: JPSC परीक्षा धांधली मामले में CID की अब तक हुई जांच में यह खुलासा हुआ है कि इस साजिश के मुख्य आरोपी अभय तिवारी व एक अन्य आरोपी लालू यादव के बीच ब्लैंक चेक का लेनदेन हुआ था. राज्य सरकार की ओर से पिछले दिनों झारखंड हाईकोर्ट में सौंपे गए रिपोर्ट के मुताबिक इस केस के मुख्य आरोपी अभय तिवारी के लिए लालू यादव उसके गिरोह में एक एजेंट के रूप में काम कर रहा था, जो JPSC परीक्षा के लिए अभ्यर्थियों की सेटिंग कराता था.
इसे भी पढ़ें : SIR: दिल्ली में नोटिस भेजे जाने वालों में सामने आए प्रमुख लोगों के नाम, कांग्रेस अध्यक्ष ने साधा निशाना
लालू यादव खुद 14वीं JPSC PT (रोल नंबर 2601100329) और FRO परीक्षा (रोल नंबर 24410394) में फर्जी तरीकों का इस्तेमाल कर पास हुआ. लालू यादव के घर पर हुई छापेमारी में सीआईडी को अभय तिवारी के हस्ताक्षर किया हुआ 8 लाख रुपए का एक चेक, विभिन्न बैंकों के कई सादे चेक तथा दूसरे अभ्यर्थी की ओएमआर शीट की तीन कार्बन कॉपियां बरामद हुई.
जांच में लालू यादव के खाते से अभय तिवारी के खाते में कुल 1.40 लाख रुपए के UPI ऑनलाइन ट्रांसफर के सबूत भी मिले हैं. इससे पहले भी अभय तिवारी और एक अभ्यर्थी के बीच पैसों के लेनदेन के पुख्ता सबूत CID को मिले हैं. अभय तिवारी ने अपनी पत्नी के SBI एकाउंट में लाखो रुपए ट्रांसफर करवाए थे. लालू यादव फ़िलहाल CID की गिरफ्तारी के डर से फरार चल रहा है .


