कोलकाता : पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव 2026 के दूसरे चरण से पहले राज्य में सियासी पारा उबाल पर है। हुगली से लेकर उत्तर 24 परगना तक हिंसा, पत्थरबाजी और बमबाजी की घटनाओं ने कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। इस बीच सोमवार को हुगली के गोगहाट में तृणमूल कांग्रेस (TMC) की सांसद मिताली बाग के काफिले पर हुए हमले ने तनाव को चरम पर पहुँचा दिया है।
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पत्थरों और लाठियों से हुआ हमला
हुगली जिले के गोगहाट में सोमवार को TMC सांसद मिताली बाग की गाड़ी पर हमला हुआ। मिताली बाग अभिषेक बनर्जी के रोड शो में शामिल होने के लिए आरामबाग जा रही थीं। हमले में कार के शीशे चकनाचूर हो गए। इस घटना में मिताली बाग और उनके ड्राइवर को चोटें आई हैं। दोनों घायलों को तुरंत आरामबाग मेडिकल कॉलेज अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनका इलाज जारी है।
धमकी के बाद हुआ हमला : TMC
मिताली बाग पर हमले को लेकर पार्टी ने भाजपा पर गंभीर आरोप लगाए हैं। आरोप है कि भाजपा समर्थकों ने उनकी गाड़ी को घेर लिया और ईंट-पत्थरों व लाठियों से हमला किया। TMC का कहना है कि केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने पार्टी नेताओं और कार्यकर्ताओं को धमकी दी थी कि जो भी घर से बाहर निकलेगा, उसे उल्टा लटका दिया जाएगा और उसी के बाद यह हमला हुआ।
TMC ने आरोप लगाया कि मिताली बाग पर भाजपा समर्थकों ने हमला किया, उनकी कार में तोड़फोड़ की गई और शीशे तोड़ दिए गए, जिससे कांच के टुकड़े उनके शरीर में लगे। पार्टी ने इसे एक निर्वाचित सांसद की जान लेने की कोशिश बताया और कहा कि यह हमला सीधे तौर पर अमित शाह के बयान के बाद हुआ। TMC का आरोप है कि यह घटना भाजपा की हार की आशंका के बीच हुई है।



