धनबाद : झरिया के सुदामडीह थाना क्षेत्र स्थित थाना बस्ती के ग्रामीणों ने विस्थापन समेत विभिन्न मांगों को लेकर मंगलवार को सुदामडीह 5 नंबर रेलवे साइडिंग की ट्रांसपोर्टिंग ठप कर विरोध-प्रदर्शन किया. बीसीकेयू के जॉइंट सेक्रेटरी गौतम कुमार रवानी के नेतृत्व में महिला-पुरुष ग्रामीणों ने साइडिंग पहुंचकर आंदोलन शुरू किया. इससे कुछ समय के लिए साइडिंग में परिवहन कार्य प्रभावित रहा.
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ग्रामीणों का कहना है कि थाना बस्ती के विस्थापित परिवारों को छह माह के भीतर विस्थापित करने का आश्वासन प्रबंधन की ओर से दिया गया था लेकिन करीब दो वर्ष बीत जाने के बाद भी प्रक्रिया पूरी नहीं हो सकी है. ग्रामीणों ने प्रबंधन से जल्द विस्थापन की प्रक्रिया शुरू कर प्रभावित परिवारों को पुनर्वासित करने की मांग की.
ग्रामीणों ने बताया कि पाथरडीह से बिरसा पुल जाने वाले रास्ते को बंद किए जाने से भी स्थानीय लोगों की परेशानी बढ़ गई है. आवागमन के लिए ग्रामीणों को गांव के संकरे रास्ते का इस्तेमाल करना पड़ रहा है. मोटरसाइकिल और अन्य छोटे वाहन भी इसी रास्ते से गुजर रहे हैं.ग्रामीणों ने मुख्य रास्ते का विकल्प उपलब्ध कराने की मांग रखी.
आंदोलन की सूचना मिलने पर ईजे एरिया भौंरा के एजीएम एलएल वर्णवाल मौके पर पहुंचे और ग्रामीणों से बातचीत की.उन्होंने ग्रामीणों की समस्याएं सुनीं और मांगों पर प्रबंधन की ओर से जल्द पहल करने का आश्वासन दिया. प्रबंधन के सकारात्मक रुख के बाद ग्रामीणों ने आंदोलन समाप्त कर दिया.
आंदोलन खत्म होने के बाद सुदामडीह नंबर-5 रेलवे साइडिंग में ट्रांसपोर्टिंग कार्य दोबारा शुरू हो गया. ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि आश्वासन के बावजूद उनकी मांगों पर पहल नहीं हुई तो वे दोबारा आंदोलन करने को बाध्य होंगे.


