रांची: 14वीं JPSC सिविल सेवा परीक्षा में फर्जीवाड़े और बड़े पैमाने पर हुई अनियमितताओं के मामले में जेल में बंद मोहम्मद उस्मान ने अपनी जमानत के लिए सीआईडी कोर्ट से गुहार लगाई है. मोहम्मद उस्मान ने अपने अधिवक्ता के माध्यम से जमानत याचिका दायर की है. उस्मान की जमानत याचिका पर 3 अक्टूबर को सीआईडी विशेष कोर्ट में सुनवाई होगी.
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सीआईडी की अब तक की जांच में यह बात सामने आई है कि JPSC की तत्कालीन उप परीक्षा कंट्रोलर श्वेता गुप्ता ने 26 मई 2026 को आधिकारिक रूप से आंसर की प्रकाशित होने से पहले ही अपने मोबाइल नंबर 8809436753 से निजी एजेंसी TDPL के कर्मचारी मो. उस्मान को WhatsApp पर भेजी थी. स्वेता गुप्ता से मिली आंसर की को उस्मान ने लीक किया और कई अभ्यर्थियों तक इसे पहुंचाया था.


